भिलाई में पेंटर की संदिग्ध मौत, जांच में जुटी पुलिस
दुर्ग । संवाददाता: छत्तीसगढ़ के भिलाई स्थित हाउसिंग बोर्ड कॉलोनी में शनिवार को एक पेंटर का शव मिलने से सनसनी फैल गई. मृतक की पहचान 42 वर्षीय मोहन रामटेके के रूप में हुई है. घटना की सूचना मिलते ही स्मृति नगर चौकी पुलिस और फॉरेंसिक विशेषज्ञों की टीम मौके पर पहुंची.
शुरुआती जांच में पुलिस को घटनास्थल से एक सुसाइड नोट बरामद हुआ है, जिसमें मृतक ने अपनी मौत के लिए दो स्थानीय व्यक्तियों को जिम्मेदार ठहराया है.
सुसाइड नोट में मोहन ने गंभीर आरोप लगाते हुए लिखा है कि राजू पाल (जिसे नोट में कांग्रेस नेता बताया गया है) और सोनिया गोस्वामी मिलकर सट्टे का कारोबार करते हैं. मृतक के अनुसार, उसे एक लाख रुपये के लिए ब्लैकमेल किया जा रहा था और पैसे न देने पर जेल भिजवाने की धमकी दी जा रही थी.
नोट में यह भी उल्लेख है कि आरोपियों ने पुलिस पर अपने रसूख का दावा करते हुए पीड़ित को डराया था. मोहन ने प्रशासन से गुहार लगाई है कि उसकी मौत को नजरअंदाज न किया जाए और आरोपियों पर कड़ी कार्रवाई की जाए.
परिजनों के अनुसार, मोहन शनिवार को घर में अकेला था क्योंकि परिवार के अन्य सदस्य मां के ऑपरेशन के सिलसिले में अस्पताल में थे. सुबह जब उसकी पत्नी घर लौटी, तो कमरा अंदर से बंद मिला और पड़ोसियों की मदद से दरवाजा खोलने पर मोहन का शव बरामद हुआ.
हालांकि पुलिस प्रथम दृष्टया इसे आत्महत्या का मामला मान रही है, लेकिन मृतक के शरीर पर मिले चोट के निशानों ने हत्या के संदेह को भी जन्म दे दिया है. भिलाई नगर सीएसपी सत्य प्रकाश तिवारी ने स्पष्ट किया है कि पुलिस सुसाइड नोट और चोट के निशानों के आधार पर हत्या व आत्महत्या, दोनों ही पहलुओं से मामले की गहन तफ्तीश कर रही है.