श्याम घुनघुट्टा बांध हुआ लबालब, कभी भी खुल सकते हैं गेट
श्याम घुनघुट्टा बांध हुआ लबालब
अंबिकापुर | संवाददाताः छत्तीसगढ़ के सरगुजा जिले में स्थित श्याम घुनघुट्टा जलाशय लबालब भर चुका है. पिछले पखवाड़े भर से हो रही बारिश से जलाशय में 81 प्रतिशत जलभराव हुआ है.
अभी भी बारिश जारी है जिससे जलाशय में पानी का आना बना हुआ है. जिसके कारण बहुत ही शीघ्र 90 प्रतिशत तक भरने की संभावना है. ऐसी स्थिति में कभी भी बांध के गेटों को खोलना पड़ सकता है.
इसे देखते हुए सिंचाई विभाग ने अलर्ट जारी किया है. प्रभावित क्षेत्र के लोगों से अपील की है कि जलाशय से दूरी बनाकर रखें और परिवार के सदस्यों को भी जाने से रोकें.
ग्रीष्मकाल में सिंचाई के लिए नहरों से पानी उपलब्ध कराने के कारण जून में श्याम घुनघुट्टा बांध का जल स्तर काफी कम हो गया था.
अमृत योजना के तहत हर दिन 26,000 घन मीटर पानी पेयजल के लिए उपलब्ध कराने के चलते विभाग ने 14 जून को बांध में बचे शेष 27 फीसदी पानी को पेयजल के लिए आरक्षित करने का निर्णय लिया था.
खरीफ फसल की शुरुआत में किसानों की मांग के बाद भी सिंचाई के लिए पानी उपलब्ध कराने से इंकार कर दिया गया था.
मानसून के दस्तक देते ही पिछड़े पखवाड़े भर से सरगुजा में झमाझम बारिश हो रही है. जिसके चलते नदी-नाले उफान पर हैं.
घुनघुट्टा बांध भी लबालब हो गया है. बांध में जल स्तर बढ़ने के बाद सिंचाई विभाग द्वारा पिछले एक सप्ताह से नहरों के माध्यम से सिंचाई के लिए पानी भी छोड़ा जा रहा है. हालांकि पर्याप्त वर्षा होने के कारण खेतों में पानी भर गया है.
विभाग ने जारी किया अलर्ट
बताया गया कि घुनघुटटा बांध की जल भराव क्षमता 82 मिलियन क्यूबिक मीटर है, लेकिन सुरक्षा के मद्देनजर विभाग द्वारा 90 फीसदी ही जल भराव किया जाता है.
इससे अधिक पानी होने से गेटों को खोलकर घुनघुट्टा नदी में पानी छोड़ा जाता है.
वर्तमान स्थिति को देखते हुए और जिस हिसाब से मैनपाट क्षेत्र में बारिश हो रही है, उससे बांध कभी भी 90 प्रतिशत तक भर जाएगा.
इसके बाद बांध में पानी भराव की क्षमता को नियंत्रण करने के लिए कभी भी गेट खोलने की जरूरत पड़ सकती है.
बांध के गेट खोलने के बाद घुनघुट्टा नदी का जल स्तर अचानक से बढ़ जाता है. नदी का बहाव तेज हो जाता है और कुछ क्षेत्रों में बाढ़ की स्थिति निर्मित हो जाती है.
इसी को ध्यान में रखते हुए जल संसाधन विभाग के कार्यपालन अभियंता ने सरगुजा एवं सूरजपुर जिले के प्रशासनिक अधिकारियों, थाना प्रभारियों को सूचना देकर सतर्कता बरतने की अपील की है.
साथ ही प्रभावित क्षेत्रों के ग्रामीणों को इस दौरान नदी से दूर रहने की सलाह दी है.
पिछले साल से 25 फीसदी अधिक भरा
सिंचाई विभाग से मिली जानकारी के मुताबिक पिछले साल 2024 में श्याम घुनघुट्टा जलाशय में इस अवधि में 54.68 फीसदी जल भराव हुआ था.
जबकि इस साल अभी तक 25 फीसदी अधिक जल भराव हो गया है. वर्तमान में जलाशय में 81.62 फीसदी पानी भर गया है.
इसी प्रकार साल 2023 में 31.74 प्रतिशत जलभराव हुआ था. मौजूदा समय में बांकी जलाशय में 41 प्रतिशत, बरनई में 24 प्रतिशत और कुंवर में 31 प्रतिशत जलभराव हुआ है.