कोरबा: नाबालिग ने डॉक्टर को कार से मारी टक्कर, फिर कुचलने की कोशिश
कोरबा । संवाददाता: छत्तीसगढ़ के कोरबा जिले में एक नाबालिग कार चालक ने अपनी लापरवाही से न सिर्फ एक डॉक्टर की जान जोखिम में डाली, बल्कि हादसे के बाद उन्हें दोबारा गाड़ी से कुचलने की भी कोशिश की. इस दर्दनाक वाकये में जिला अस्पताल कोरबा के वरिष्ठ सर्जन डॉ. शक्ति डिक्सेना (36 वर्ष) गंभीर रूप से घायल हो गए हैं.
फिलहाल उन्हें अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहां डॉक्टरों ने उनकी दो पसलियां और हाथ का अंगूठा फ्रैक्चर होने की पुष्टि की है. इसके अलावा उनके सीने, पेट, गले और कलाई पर भी गंभीर चोटें आई हैं.
यह पूरी घटना हरदीबाजार थाना अंतर्गत ग्राम रलिया मेन रोड के पास उमेंदीभांठा इलाके की है. मिली जानकारी के अनुसार, शनिवार को डॉ. शक्ति डिक्सेना अपनी स्विफ्ट डिजायर कार (CG-12 BV-3480) से ड्यूटी के बाद जमनीपाली दर्री स्थित अपने निवास की ओर लौट रहे थे.
इसी दौरान भिलाई बाजार की तरफ से बेहद तेज रफ्तार में आ रही एक काले रंग की किया कार (CG-12 BE-1430) ने डॉक्टर की गाड़ी को सामने से सीधी और जोरदार टक्कर मार दी. टक्कर इतनी भीषण थी कि डॉक्टर की कार के एयरबैग तक खुल गए, जिससे उनकी जान तो बच गई लेकिन वे बुरी तरह चोटिल हो गए.
दिल दहला देने वाली बात यह रही कि इस दुर्घटना के बाद भी आरोपी का मन नहीं भरा. पीड़ित डॉक्टर के मुताबिक, जैसे ही वे घायल अवस्था में किसी तरह अपनी कार से बाहर निकले, आरोपी चालक ने उन्हें जान से मारने की नीयत से अपनी गाड़ी को पीछे लिया और दोबारा उन पर चढ़ाने का प्रयास किया.
डॉ. डिक्सेना ने सूझबूझ दिखाई और अपनी जान बचाने के लिए तुरंत मुख्य सड़क से भागकर पास के खेतों की तरफ शरण ली, जिससे वे दूसरी बार कुचले जाने से बच गए. घटना को अंजाम देने के बाद आरोपी मौके से फरार हो गया.
घटना के बाद पीड़ित डॉक्टर ने तुरंत अपने परिवार को इस जानलेवा हमले की सूचना दी और हरदीबाजार थाने जाकर लिखित शिकायत दर्ज कराई. डॉक्टर ने अपनी रिपोर्ट में खुलासा किया है कि टक्कर मारने वाली कार एक स्थानीय कोयला कारोबारी का नाबालिग बेटा चला रहा था और वारदात के वक्त गाड़ी में दो अन्य नाबालिग लड़के भी मौजूद थे.
मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस तत्काल एक्शन मोड में आ गई है. हरदीबाजार थाना प्रभारी आशीष सिंह ने बताया कि शिकायत मिलते ही पुलिस बल ने घटनास्थल का मुआयना किया और दुर्घटना में शामिल किया कार को जब्त कर लिया है.
चूंकि मुख्य आरोपी कानूनन नाबालिग है, इसलिए पुलिस द्वारा उसकी काउंसलिंग कराने के साथ-साथ जेजे एक्ट और संबंधित कानूनी धाराओं के तहत विधिक कार्रवाई की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है.