ईरान-इजरायल युद्ध: ईरान के इंटेलिजेंस मिनिस्टर इस्माइल खतीब की मौत
नई दिल्ली । डेस्क: इजराइल के रक्षा मंत्री इजराइल काट्ज़ ने बुधवार को पुष्टि की कि एक रात भर चले सैन्य हमले में ईरान के खुफिया मंत्री इस्माइल खतीब को "ढेर" कर दिया गया है. इस खबर की पुष्टि स्वयं ईरानी राष्ट्रपति ने भी की है. रक्षा मंत्री काट्ज़ ने स्पष्ट किया कि प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू और उन्होंने सेना को अब किसी भी वरिष्ठ ईरानी अधिकारी को बिना किसी अतिरिक्त अनुमति के निशाना बनाने की पूरी छूट दे दी है.
इजराइल की यह कार्रवाई केवल खतीब तक सीमित नहीं रही. ईरानी सरकारी मीडिया के अनुसार, इजराइली सेना ने शीर्ष सुरक्षा अधिकारी अली लारीजानी और रिवोल्यूशनरी गार्ड की 'बासिज' फोर्स के प्रमुख जनरल गुलाम रजा सुलेमानी को भी एक हमले में मार गिराया है. लारीजानी के बेटे और उनके डिप्टी अलीरेजा बयात की भी इस हमले में मौत हो गई.
इन हत्याओं के प्रतिशोध में ईरान ने बुधवार तड़के इजराइल और पड़ोसी खाड़ी देशों पर भीषण हवाई हमले शुरू कर दिए. ईरान ने विशेष रूप से तेल अवीव को निशाना बनाते हुए क्लस्टर वारहेड वाली मिसाइलें दागीं. इस तनाव के बीच संयुक्त अरब अमीरात, कतर और सऊदी अरब में भी धमाकों और मिसाइल इंटरसेप्शन की खबरें मिली हैं.
युद्ध की आग अब लेबनान की राजधानी बेरूत तक फैल गई है, जहां इजराइली हवाई हमलों ने मध्य बेरूत की आवासीय इमारतों को मलबे में तब्दील कर दिया है.
इन हमलों में हिजबुल्लाह के अल-मनार टीवी के वरिष्ठ पत्रकार मोहम्मद शेरी और उनकी पत्नी की भी मौत हो गई है.
लेबनान के स्वास्थ्य मंत्रालय के मुताबिक, ताजा संघर्ष में अब तक 900 से अधिक लोग मारे जा चुके हैं.
वहीं, खाड़ी में तनाव को देखते हुए इराक ने फारस की खाड़ी के मार्ग से बचते हुए तुर्की के रास्ते अपने तेल निर्यात को फिर से शुरू करने का फैसला किया है. बहरीन, जहां अमेरिकी नौसेना का 5वां बेड़ा तैनात है, वहां भी ईरान द्वारा मिसाइल और ड्रोन हमले की खबर है, जिसके बाद पूरे क्षेत्र में युद्ध के बादल और गहरे हो गए हैं.