हिमाचल प्रदेश: रेजिडेंट डॉक्टरों की हड़ताल: स्वास्थ्य सेवाएं ठप
शिमला । डेस्क: हिमाचल प्रदेश के सरकारी अस्पतालों में शनिवार से रेजिडेंट डॉक्टरों ने अनिश्चितकालीन हड़ताल शुरू कर दी है, जिससे पूरे राज्य की स्वास्थ्य व्यवस्था चरमरा गई है. यह विरोध प्रदर्शन शिमला के एक अस्पताल में मरीज के साथ कथित मारपीट के वीडियो के बाद सीनियर रेजिडेंट डॉक्टर राघव नरुला की बर्खास्तगी के खिलाफ किया जा रहा है.
रेजिडेंट डॉक्टर्स एसोसिएशन (RDA) का आरोप है कि सरकार ने बिना उचित जांच के मात्र 48 घंटों के भीतर डॉक्टर को बर्खास्त कर दिया, जो उनके करियर के साथ अन्याय है.
शिमला के आईजीएमसी (IGMC) सहित प्रदेश के लगभग सभी मेडिकल कॉलेजों और अस्पतालों के ओपीडी (OPD) विभाग इस हड़ताल के कारण बंद रहे, जिससे मरीजों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा.
आरडीए अध्यक्ष सोहिल शर्मा ने मीडिया से बात करते हुए कहा कि डॉक्टरों के बीच भय और नाराजगी का माहौल है.
उन्होंने तर्क दिया कि घटना के पीछे के कारणों और उकसावे की जांच किए बिना इतनी जल्दबाजी में की गई कार्रवाई से डॉक्टरों के आत्मसम्मान को ठेस पहुंची है.
डॉक्टरों का कहना है कि जब तक बर्खास्तगी का आदेश वापस नहीं लिया जाता, तब तक उनका प्रदर्शन जारी रहेगा.