जशपुर: गांजा तस्करी के बड़े नेटवर्क का भंडाफोड़, 5 गिरफ्तार
जशपुर । डेस्क: छत्तीसगढ़ के जशपुर जिले में नशे के सौदागरों के खिलाफ पुलिस ने एक बड़ी सफलता हासिल की है. होली के त्यौहार के मद्देनजर सक्रिय 'ऑपरेशन आघात' के तहत पुलिस ने दो अलग-अलग कार्यवाइयों में 43 किलो से अधिक गांजा बरामद किया है.
इस अंतरराज्यीय तस्करी के मामले में पुलिस ने कुल पांच आरोपियों को सलाखों के पीछे भेजा है, जिनके पास से जब्त नशीले पदार्थ की बाजार में कीमत करीब 21.5 लाख रुपये आंकी गई है.
मामले का विस्तृत विवरण देते हुए जिले के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (एसएसपी) डॉ. लाल उमेद सिंह ने बताया कि पुलिस को मुखबिर के जरिए ओडिशा से मध्यप्रदेश गांजा ले जाए जाने की सटीक सूचना मिली थी. जानकारी के मुताबिक, तस्करों ने एक नई बोलेरो गाड़ी में विशेष बदलाव कर उसे तस्करी के लिए तैयार किया था.
इस इनपुट पर कार्रवाई करते हुए कुनकुरी पुलिस ने नाकेबंदी कर एमपी पासिंग बोलेरो (MP 66 ZH 6806) को रोका. गहन तलाशी के दौरान पुलिस तब हैरान रह गई जब वाहन के निचले हिस्से में एक गुप्त चेंबर मिला, जिसमें 18.4 किलो गांजा छिपाया गया था.
इस मामले में मध्यप्रदेश के सिंगरौली निवासी गोलारमन यादव, शिवराम यादव और रामेश्वर यादव को गिरफ्तार किया गया है. आरोपियों ने स्वीकार किया कि उन्हें यह खेप ओडिशा के एक रिश्तेदार ने उपलब्ध कराई थी, जिसकी तलाश में पुलिस की टीमें रवाना हो चुकी हैं.
इसी कड़ी में एक दूसरी बड़ी कार्रवाई जशपुर सिटी कोतवाली पुलिस द्वारा की गई. पुलिस ने शहर के एक किराए के मकान पर दबिश देकर वहां डंप किया गया 24.8 किलो गांजा बरामद किया.
इस ठिकाने से सुनील भगत और रवि विश्वकर्मा नामक दो व्यक्तियों को हिरासत में लिया गया है.
पुलिस ने दोनों मामलों में एनडीपीएस एक्ट के तहत एफआईआर दर्ज कर आरोपियों को जेल भेज दिया है. एसएसपी ने स्पष्ट संदेश दिया है कि जिले में नशे के अवैध कारोबार को पूरी तरह ध्वस्त करने के लिए पुलिस की मुस्तैदी जारी रहेगी और किसी भी संदिग्ध गतिविधि पर सख्त नजर रखी जा रही है.