छत्तीसगढ़: भिलाई के सेक्टर-7 में फैला पीलिया
दुर्ग । संवाददाता: छत्तीसगढ़ के भिलाई का सेक्टर-7 इलाका वर्तमान में एक गंभीर स्वास्थ्य संकट की चपेट में है, जहां पीलिया (जॉन्डिस) के संक्रमण ने स्वास्थ्य विभाग को हाई अलर्ट पर ला दिया है. अब तक इलाके में 23 से अधिक संदिग्ध मामले प्रकाश में आए हैं, जिनमें सबसे अधिक संख्या किशोरों और बच्चों की है.
स्थिति की गंभीरता का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि अस्पताल में भर्ती मरीजों में से दो बच्चों को सघन चिकित्सा इकाई (ICU) में जीवन रक्षक उपचार दिया जा रहा है. आधिकारिक रूप से अब तक 5 मरीजों में संक्रमण की पुष्टि हो चुकी है, जिनमें से एक का बिलीरुबिन स्तर 11.4 तक पहुंच गया है.
जिला स्वास्थ्य विभाग की टीम, नोडल अधिकारी सी.बी.एस. बंजारे के नेतृत्व में प्रभावित क्षेत्र की सड़कों पर घर-घर जाकर सर्वे कर रही है. प्रारंभिक जांच में पाया गया है कि क्षेत्र की पेयजल आपूर्ति व्यवस्था पूरी तरह चरमरा गई है.
स्थानीय निवासियों के अनुसार, नलों से आने वाला पानी न केवल मटमैला है, बल्कि उसमें इल्लियां और कीड़े भी तैरते देखे गए हैं. लोगों का आरोप है कि दशकों पुरानी जर्जर पाइपलाइन और सीवरेज के रिसाव के कारण पेयजल दूषित हो रहा है, जिससे परिवारों में पेट दर्द, बुखार और दस्त जैसी समस्याएं आम हो गई हैं.
नगर निगम और स्थानीय जनप्रतिनिधियों ने इस स्थिति के लिए भिलाई स्टील प्लांट प्रबंधन की पुरानी बुनियादी संरचना को जिम्मेदार ठहराया है.
निवासियों को अब अपनी और अपने बच्चों की सुरक्षा के लिए बाहर से महंगा फिल्टर युक्त पानी खरीदने पर मजबूर होना पड़ रहा है.
विभाग ने फिलहाल लोगों को पानी उबालकर पीने और किसी भी प्रकार के बाहरी या खुले खाद्य पदार्थों से परहेज करने की सख्त हिदायत दी है. पानी के नमूने लैब भेजे गए हैं, ताकि संक्रमण के सटीक स्रोतों की पहचान कर आगे की कार्रवाई की जा सके.