बांग्लादेश: शेख हसीना को कोर्ट से बड़ी राहत
ढाका । डेस्क: बांग्लादेश की पूर्व प्रधानमंत्री शेख हसीना को अंतर्राष्ट्रीय अपराध न्यायाधिकरण-1 से एक बड़ी कानूनी राहत मिली है. कोर्ट ने उन्हें अपना पक्ष रखने के लिये वरिष्ठ वकील अमीनुल गनी को नियुक्त किया है. यह फैसला हसीना के लिए महत्वपूर्ण है, क्योंकि अमीनुल गनी को बांग्लादेश के शीर्ष अपराध विशेषज्ञ वकीलों में गिना जाता है.
अमीनुल गनी शेख हसीना की पूर्व सरकार के दौरान भी प्रमुख मामलों में सफल रहे हैं. उनकी उपस्थिति से सरकारी आरोपों को चुनौती मिल सकती है. अब तक कोर्ट बिना हसीना का पक्ष सुने फैसले सुना रहा था, लेकिन अब उनकी दलीलों पर विचार होगा.
यूनुस सरकार हसीना को जल्द दोषी ठहराना चाहती थी, लेकिन यह फैसला उस योजना में बाधक हो सकता है.
गौरतलब है कि 2024 के तख्तापलट के बाद हसीना पर भ्रष्टाचार, नरसंहार और अदालत की अवमानना सहित 100 से अधिक मामले दर्ज हैं. उनके परिवार (बेटे, बहन और भतीजी) की संपत्तियाँ जब्त की जा चुकी हैं.
मामले की सुनवाई के दौरान न्यायाधिकरण ने सरकार से पूछा, "क्या आपने कानूनी प्रक्रिया का पालन करते हुए न्यायमित्र (Amicus Curiae) नियुक्त किया?" "क्या बचाव पक्ष को वकील उपलब्ध कराया गया?"
सरकारी वकीलों के जवाब न दे पाने पर कोर्ट ने मसीहुज्जमां को न्यायमित्र और अमीनुल गनी को हसीना का वकील नियुक्त किया.
बता दे कि शेख हसीना 2008 से 2024 तक बांग्लादेश की प्रधानमंत्री रहीं. अगस्त 2024 में छात्र आंदोलनों के बाद सैन्य हस्तक्षेप हुआ और उन्हें हटा दिया गया.
अगले आम चुनाव फरवरी 2026 में होने हैं, जिससे यह मामला और अहम हो गया है.
यह फैसला शेख हसीना के लिए एक कानूनी जीत मानी जा रही है, लेकिन सरकारी कार्रवाइयां अभी जारी हैं. अब देखना होगा कि क्या गनी की दलीलें हसीना के भविष्य को बदल पायेंगी.