छत्तीसगढ़ बनेगा देश का नया टेक्सटाइल हब
रायपुर | संवाददाताः छत्तीसगढ़ में कपड़ा उद्योग को आगे बढ़ाने के लिए सरकार ने एक कदम और आगे बढ़ाया है. इसके लिए मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने सीएमएआई (क्लोदिंग मैन्युफैक्चरर एसोसिएशन) के साथ एमओयू साइन किया है.
राज्य में वस्त्र एवं परिधान क्षेत्र में निवेश की संभावनाओं को आगे बढ़ाया है. इससे टैक्सटाइल उद्योग को बढ़ावा मिलेगा.
सीएम विष्णु देव साय बुधवार को मुंबई के सीएमएआई फैब शो 2025 में शामिल हुए. इस अवसर पर सीएम साय ने कहा कि छत्तीसगढ़ ने वस्त्र उद्योग क्षेत्र में निवेश के नए द्वार खोले है. टेक्सटाइल के क्षेत्र में छत्तीसगढ़ की नई पॉलिसी देश में सबसे बेहतर है.
उन्होंने टेक्सटाइल क्षेत्र से जुड़े उद्योगपतियों को छत्तीसगढ़ में निवेश के लिए आमंत्रित करते हुए कहा कि छत्तीसगढ़ में चांपा की कोसा साड़ियां अपने शिल्प में बेमिसाल हैं.
सीएम ने उद्योगपतियों को संबोधित करते हुए कहा कि हाल ही में हमने कैबिनेट में नेशनल इंस्टीट्यूट आफ फैशन डिजाइन के संस्थान को छत्तीसगढ़ नवा रायपुर में खोलने की मंजूरी दी है.
271 करोड़ रुपए की लागत से तैयार होने वाले इस संस्थान से छत्तीसगढ़ में टैक्सटाइल उद्योग को बढ़ावा मिलेगा. कपड़ा उद्योग प्रत्यक्ष रूप से ग्रामीण स्वरोजगार, तकनीक और कौशल विकास से जुड़ी है.
नई औद्योगिक नीति में हमने इन सभी सुविधाओं का ख्याल रखते हुए, टैक्सटाइल सेक्टर से जुडे़ एमएसएमई को बढ़ावा देने का प्रयास किया है.
टेक्सटाइल के क्षेत्र में देश में इतनी अच्छी पॉलिसी किसी भी राज्य में नहीं है. इसका लाभ कपड़ा उद्योग से जुड़े छोटे और मझोले उद्यमों को मिल रहा है.
राज्य के बस्तर और सरगुजा जैसे क्षेत्रों में उद्यम शुरू करने पर विशेष रियायतें दी गई हैं.
उन्होंने कहा कि सिंगल विंडो सिस्टम, इज आफ डूइंग बिजनेस और स्पीड आफ डूइंग बिजनेस जैसी सुविधाओं की वजह से निवेश प्रक्रिया बेहद सरल हो गई है. जिसके चलते हम काफी तेजी से बिजनेस की ओर आगे बढ़ चुके हैं.
हमने 350 से अधिक सुधार किए हैं. पारंपरिक हस्तशिल्प को टेक्सटाइल उद्योग से जोड़ने के प्रयास भी किए जा रहे प्रशिक्षित युवा हो रहे तैयार
मुख्यमंत्री ने बताया सेंट्रल इंडिया की हमारी लोकेशन देश भर में सबसे अच्छी कनेक्टिविटी उपलब्ध कराती है. इसी साल से रायपुर एयरपोर्ट में कार्गो की सुविधा शुरू की गई है.
यहां 48 हजार करोड़ रूपए की लागत से कई महत्वपूर्ण रेल परियोजनाओं पर काम चल रहा है. अच्छे रेलवे नेटवर्क विस्तार का लाभ उद्योग जगत को मिलेगा.
रायपुर से विशाखापट्नम तक एक्सप्रेस वे का निर्माण तेजी से हो रहा है. विशाखापट्नम जैसे पोर्ट से हमारी सीधी कनेक्टिविटी रायपुर में बिजनेस को बहुत विस्तार देगी.
मुख्यमंत्री ने कहा कि टैक्सटाइल इंडस्ट्री को आगे बढ़ाने के लिए प्रशिक्षत युवा भी चाहिए.
इसके लिए प्रदेश के आईटीआई में टेक्नोलॉजी और इनोवेशन पर आधारित एडवांस कोर्स उपलब्ध कराए जा रहे हैं.
प्रदेश में आईआईटी, आईआईएम, ट्रिपल आईटी तथा नेशनल लॉ यूनिवर्सिटी जैसे संस्थान हैं, जिससे दक्ष मानव संसाधन इंडस्ट्री के लिए उपलब्ध हैं.हैं.