तेलंगाना: छत्तीसगढ़ के 41 कैडरों सहित 42 माओवादियों ने किया सरेंडर
हैदराबाद । डेस्क: तेलंगाना पुलिस के समक्ष शुक्रवार को माओवादियों के एक बड़े समूह ने आत्मसमर्पण कर दिया, जिससे राज्य में सीपीआई (माओवादी) के सशस्त्र अस्तित्व के समाप्त होने का दावा किया गया है. आत्मसमर्पण करने वाले 42 कैडरों में से 41 माओवादी मूल रूप से छत्तीसगढ़ के निवासी हैं.
इनमें पीपुल्स लिबरेशन गुरिल्ला आर्मी (PLGA) के बटालियन कमांडर सोडी मल्ला उर्फ केशाल जैसे शीर्ष नेता भी शामिल हैं.
पुलिस महानिदेशक बी. शिवधर रेड्डी के अनुसार, सरेंडर करने वालों में PLGA के 21, तेलंगाना राज्य समिति (TSC) के 11 और दंडकारण्य स्पेशल जोनल कमेटी (DKSZC) के 10 सदस्य शामिल हैं.
माओवादियों ने पुलिस को 36 हथियार सौंपे, जिनमें 5 एके-47, 4 एसएलआर और 3 इंसास राइफलें शामिल हैं. इसके अलावा 800 ग्राम सोना (8 बिस्कुट) और 1007 कारतूस भी बरामद किए गए हैं.
डीजीपी ने घोषणा की कि इस आत्मसमर्पण के बाद तेलंगाना अब सीपीआई (माओवादी) के सशस्त्र संरचनाओं से पूरी तरह मुक्त हो गया है.
सरकार की पुनर्वास नीति के तहत, इन कैडरों के लिए कुल 1.93 करोड़ रुपये की इनाम राशि और राहत सहायता स्वीकृत की गई है.
तेलंगाना के मूल निवासी एक सदस्य को 4 लाख रुपये का ड्राफ्ट सौंपा गया, जबकि छत्तीसगढ़ के 41 सदस्यों को तत्काल 25,000 रुपये की अंतरिम राहत दी गई. शेष राशि दस्तावेजीकरण पूरा होने के बाद उनके बैंक खातों में भेजी जाएगी. साल 2024 से अब तक कुल 761 माओवादी तेलंगाना पुलिस के सामने हथियार डाल चुके हैं.