छात्रा से छेड़छाड़ के दोषी शिक्षक को 20 साल की सजा
कोरबा । संवाददाता: छत्तीसगढ़ के कोरबा जिले में अदालत ने मर्यादा मटियामेट करने वाले एक ट्यूशन शिक्षक को कड़ा सबक सिखाया है. गोकुल नगर हाउसिंग बोर्ड कॉलोनी (सिविल लाइन थाना क्षेत्र) में बच्चों को ट्यूशन पढ़ाने वाले नरेंद्र कुमार उर्फ नरेंद्र शर्मा को कोर्ट ने 20 वर्ष के सश्रम कारावास की सजा सुनाई है.
मूल रूप से बिहार के मोतिहारी का रहने वाला यह आरोपी अपने ही घर पर बच्चों को पढ़ाता था. अपर सत्र न्यायाधीश एफटीसी सीमा प्रताप चंद्रा की अदालत ने मामले की गंभीरता को देखते हुए दोषी पर एक हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया है. अर्थदंड न चुकाने की स्थिति में उसे दो साल की अतिरिक्त जेल काटनी होगी.
यह खौफनाक वाकया 27 अक्टूबर 2025 की शाम का है, जब पीड़िता रोज की तरह आरोपी के घर ट्यूशन पढ़ने पहुंची थी. मौका पाकर शिक्षक ने अन्य बच्चों को किसी बहाने से वापस भेज दिया और छात्रा को अकेला पाकर उसके साथ दुराचार की कोशिश की.
दरिंदे के चंगुल से जैसे-तैसे छूटकर पीड़िता रोती हुई अपने घर पहुंची और आपबीती अपनी मां को बताई. इसके तुरंत बाद आक्रोशित परिजन बेटी को लेकर थाने पहुंचे, जिसके बाद तत्परता दिखाते हुए पुलिस ने आरोपी को दबोच लिया.
मामले में पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 64 और पॉक्सो एक्ट की धारा 4 के तहत मुकदमा दर्ज किया था.
न्यायालय में चली करीब आठ महीने की कानूनी प्रक्रिया के बाद आखिरकार पीड़िता को न्याय मिल गया है.
विशेष लोक अभियोजक सुनील कुमार मिश्रा ने बताया कि पुलिस द्वारा पेश की गई मजबूत चार्जशीट, पुख्ता वैज्ञानिक सबूतों और गवाहों के बयानों के आधार पर अदालत ने आरोपी को कड़ा दंड दिया है. अभियोजन पक्ष की दमदार पैरवी और सटीक जांच के कारण ही इतनी जल्दी इस संवेदनशील मामले में फैसला आ सका और समाज को एक कड़ा संदेश दिया गया.