पालतू बिल्ली ने पिया दूध, एफआईआर दर्ज
छत्तीसगढ़ के रायपुर में पड़ोसी के घर दूध पी गई पालतू बिल्ली, एफआईआर
रायपुर | संवाददाताः छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर में बिल्ली को लेकर पड़ोसियों में विवाद इतना बढ़ा कि पुलिस को एफआईआर दर्ज करनी पड़ी.
दरअसल बिल्ली पालक को जब महिला पड़ोसी ने पालतू बिल्ली को सम्हालकर रखने की समझाइश दी तो बिल्ली पालक ने महिला की पिटाई कर दी.
इस मामले में महिला ने थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई है.
पुलिस बिल्ली पालक आरोपियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर जांच में जुट गई है.
गोकुल नगर निवासी सरिता बैस ने टिकरापारा थाने में एफआईआर दर्ज कराया है कि उसके पड़ोसी अल्ताफ, मुजाहिर और मोनू ने घर में एक बिल्ली पालकर रखी है.
बीते शनिवार रात 9 बजे इनकी पालतू बिल्ली हमारे घर में घुस गई.
बिल्ली ने न सिर्फ दूध पिया बल्कि घर में बनी रखी दाल भी पी गई. इसी बात को लेकर विवाद पैदा हो गया.
हमारा कहना है कि अपनी बिल्ली अपने घर में सम्हालकर रखो.
दूसरी तरफ बिल्ली पालक पड़ोसी का कहना है कि उसकी बिल्ली का पेट भरा हुआ था. वह पड़ोसियों के यहां नहीं खाती पीती. पुलिस जांच में सब साफ हो जायेगा.
क्या कहता है कानून
पालतू बिल्ली रखने के लिए पशु कल्याण अधिनियम 2006 और स्थानीय कानून लागू होते हैं.
इसके मुताबिक बिल्लियों को घर के अंदर या पट्टे पर रखना जरूरी होता है.
साथ ही बिल्ली के कल्याण और स्वस्थ्य का ध्यान रखना होता है.
इसके साथ ही बिल्ली के मालिक को यह सुनिश्चित करना होता है कि उसकी बिल्ली को सही आहार और वातावरण मिले.
बिल्ली को सामान्य व्यवहार करने की आज़ादी मिले.
अगर बिल्ली किसी शख्स को काट लेती है, तो मालिक को उस शख्स का इलाज कराना होगा और उसे 10,000 रुपये बातौर मुआवजा भी देना होगा.
हालांकि यहां पर मामला बिल्ली के काटने का नहीं बल्कि मनुष्यों की आपसी मारपीट का है.