बस्तर में फिर लौटेगी 1990 जैसी शांति: पूर्व DGP डीएम अवस्थी
रायपुर । संवाददाता: छत्तीसगढ़ के पूर्व पुलिस महानिदेशक (DGP) डीएम अवस्थी ने नक्सलवाद को समाप्त करने के लिए केंद्र और राज्य की भाजपा सरकार के प्रयासों की सराहना की है. अवस्थी ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह द्वारा नक्सलवाद को खत्म करने के लिए तय की गई 31 मार्च की समयसीमा सरकार की "मजबूत इच्छाशक्ति" को दर्शाती है, जिसने सुरक्षा बलों को एक स्पष्ट लक्ष्य और नई ऊर्जा प्रदान की है.
उन्होंने विश्वास जताया कि इस पहल के परिणामस्वरूप बस्तर और अन्य प्रभावित क्षेत्र अब सामान्य स्थिति की ओर बढ़ रहे हैं और वह दिन दूर नहीं जब नक्सलवाद पूरी तरह इतिहास बन जाएगा.
बस्तर के पुराने दिनों को याद करते हुए अवस्थी ने कहा कि 1989-90 के दौरान यह क्षेत्र बेहद खूबसूरत और शांतिपूर्ण था, जहां बीजापुर और दंतेवाड़ा जैसे इलाकों में बाजार सजते थे और सुदूर क्षेत्रों तक बसें चलती थीं.
उन्होंने दुख व्यक्त किया कि दशकों की हिंसा ने वहां की सड़कों, स्कूलों और अस्पतालों को भारी नुकसान पहुंचाया.
पूर्व DGP ने उम्मीद जताई कि आने वाले एक-दो वर्षों में झीरम घाटी और शबरी नदी के तट एक बार फिर फूलों और शांति से खिल उठेंगे.
उन्होंने स्पष्ट किया कि हालांकि दबे-कुचले लोगों के लिए न्याय की लड़ाई जारी रहनी चाहिए, लेकिन बंदूक का रास्ता अब खत्म हो रहा है और विचारधारा की यह लड़ाई अब भारतीय संविधान के दायरे में रहकर शांतिपूर्ण तरीके से लड़ी जाएगी.