कांकेर: इलाज के नाम पर 14 साल की बच्ची को नशा देकर किया दुष्कर्म, ढोंगी बाबा गिरफ्तार
छत्तीसगढ़ के कांकेर में आस्था और अंधविश्वास के नाम पर एक नाबालिग के साथ दरिंदगी का सनसनीखेज मामला सामने आया है. इलाज और झाड़-फूंक के बहाने बच्ची को नशीला पदार्थ पिलाकर बार-बार दुष्कर्म करने वाले आरोपी ढोंगी बाबा को पुलिस ने गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है.
कांकेर । संवाददाता: छत्तीसगढ़ के कांकेर जिले से आस्था और विश्वास को शर्मसार कर देने वाली एक गंभीर घटना सामने आई है. यहाँ पुलिस ने इलाज करने के नाम पर एक 14 वर्षीय नाबालिग बच्ची को नशीला पदार्थ पिलाकर उसके साथ बार-बार दुष्कर्म करने के आरोप में 44 वर्षीय एक तांत्रिक (झाड़-फूंक करने वाले) को गिरफ्तार किया है.
इस पूरे मामले का भंडाफोड़ तब हुआ जब सेहत बिगड़ने पर अस्पताल ले जाई गई पीड़िता की मेडिकल जांच में उसके करीब पांच महीने के गर्भवती होने की पुष्टि हुई.
पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार, पीड़िता के परिजनों ने 18 अक्टूबर को इस संबंध में लिखित शिकायत दर्ज कराई थी. शिकायत के मुताबिक, अप्रैल के महीने में जब बच्ची बीमार पड़ी थी, तब परिजन उसे आरोपी तांत्रिक के पास ले गए थे. आरोपी ने परिजनों को डराते हुए दावा किया कि बच्ची के गर्भाशय में गंभीर समस्या है, जिससे आगे चलकर बड़ी दिक्कतें हो सकती हैं.
इसके बाद उसने इलाज का झांसा देकर पीड़िता को एक ताबीज बांध दिया.
इसके बाद मई में जब परिजन दोबारा बच्ची को उसके पास ले गए, तो आरोपी उसे पूजा-पाठ वाले कमरे में ले गया और साथ आए रिश्तेदार को किसी काम के बहाने बाहर भेज दिया. पीड़िता ने पुलिस को बताया कि आरोपी उसे इलाज के दौरान कोई नशीली या अचेत करने वाली सामग्री पिला देता था, जिससे वह बेहोश हो जाती थी.
इसके बाद आरोपी उसके साथ गलत काम करता था. यह सिलसिला कई महीनों तक चलता रहा और हर बार आरोपी इलाज का बहाना बनाकर परिजनों को दूर कर देता था.
17 अक्टूबर को जब बच्ची की तबीयत ज्यादा खराब हुई, तो परिजन उसे अस्पताल ले गए. वहाँ डॉक्टरों द्वारा की गई मेडिकल जांच में जब बच्ची के पांच महीने के गर्भवती होने की बात सामने आई, तब डरी-सहमी पीड़िता ने परिजनों को पूरी आपबीती बताई.
मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने तत्काल संज्ञान लिया और भारतीय न्याय संहिता (BNS) की बलात्कार से संबंधित धाराओं तथा पॉक्सो (POCSO) एक्ट के तहत मामला दर्ज कर लिया.
पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए आरोपी को 19 अक्टूबर को हिरासत में लेकर पूछताछ की और अपराध स्वीकार करने पर उसे औपचारिक रूप से गिरफ्तार कर लिया. अदालत में पेश करने के बाद आरोपी को न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है.