रवि, 18 अक्टू. 2026

CGKhabar

जस्टिस रविंद्र कुमार अग्रवाल स्थायी न्यायाधीश बने

C

CG Khabar

11 अग. 2025, 05:21 PM 2 मिनट में पढ़ें 2

जस्टिस रवीन्द्र कुमार अग्रवाल
जस्टिस रवीन्द्र कुमार अग्रवाल

बिलासपुर । संवाददाता: छत्तीसगढ़ उच्च न्यायालय में सोमवार को न्यायमूर्ति रविंद्र कुमार अग्रवाल ने स्थायी न्यायाधीश के रूप में शपथ ग्रहण की. शपथ समारोह उच्च न्यायालय के मुख्य न्यायाधीश, माननीय श्री रमेश सिन्हा की अदालत में आयोजित किया गया, जहां मुख्य न्यायाधीश ने उन्हें पद की शपथ दिलाई. यह नियुक्ति न्यायमूर्ति अग्रवाल को उनके पिछले पद, उसी न्यायालय के अतिरिक्त न्यायाधीश, से स्थायी न्यायाधीश के रूप में पदोन्नत करती है.


सुबह 10:30 बजे शुरू हुए इस समारोह में छत्तीसगढ़ उच्च न्यायालय के वर्तमान न्यायाधीश, महाधिवक्ता, बार के वरिष्ठ सदस्य और उच्च न्यायालय रजिस्ट्री के अधिकारी उपस्थित थे.

विज्ञापन


नियुक्ति का विवरण


न्यायमूर्ति रविंद्र कुमार अग्रवाल की स्थायी न्यायाधीश के रूप में नियुक्ति भारत के राष्ट्रपति द्वारा भारत के संविधान के अनुच्छेद 217 के खंड (1) के तहत प्रदत्त शक्तियों का उपयोग करके की गई. विधि और न्याय मंत्रालय, न्याय विभाग (नियुक्ति प्रभाग) द्वारा 8 अगस्त 2025 को जारी अधिसूचना में उनकी पदोन्नति की पुष्टि की गई, जो उनके नए पदभार ग्रहण करने की तारीख से प्रभावी होगी.


न्यायमूर्ति अग्रवाल का परिचय


31 जुलाई 1968 को छत्तीसगढ़ के भाटापारा में जन्मे, न्यायमूर्ति रविंद्र कुमार अग्रवाल ने 1991 में राजनांदगांव के लॉ कॉलेज से एलएल.बी. की डिग्री प्राप्त की. उन्होंने 14 सितंबर 1992 को वकील के रूप में पंजीकरण कराया और बिलासपुर जिला न्यायालय तथा अन्य अधीनस्थ न्यायालयों में अपनी वकालत शुरू की.


सन् 2000 में, न्यायमूर्ति अग्रवाल ने छत्तीसगढ़ उच्च न्यायालय में वकालत शुरू की, जहां उन्होंने सिविल, आपराधिक और रिट मामलों सहित विभिन्न प्रकार के मामलों को संभाला. उन्होंने 2017 से दिसंबर 2018 तक छत्तीसगढ़ राज्य के लिए सरकारी वकील के रूप में भी सेवाएं दीं. उनकी कानूनी विशेषज्ञता का प्रदर्शन भारतीय मानक ब्यूरो और खैरागढ़ के इंदिरा कला संगीत विश्वविद्यालय जैसे संस्थानों के लिए वकील के रूप में उनकी भूमिका के माध्यम से भी हुआ. वे छत्तीसगढ़ उच्च न्यायालय के लिए पैनल वकील भी रहे.


उनका न्यायिक सफर 20 अक्टूबर 2023 को छत्तीसगढ़ उच्च न्यायालय के अतिरिक्त न्यायाधीश के रूप में पदोन्नति के साथ शुरू हुआ. उनकी स्थायी न्यायाधीश के रूप में पुष्टि को राज्य के सर्वोच्च न्यायिक निकाय की ताकत और कार्यप्रणाली में महत्वपूर्ण योगदान के रूप में देखा जा रहा है.

यह खबर शेयर करें: WhatsApp Facebook
CGKhabar — Editor: Raghvendra Chand Singh, Raipur, Chhattisgarh. Managed by Space IX Media LLP