रायपुर में माओवादी दंपति गिरफ्तार
रायपुर में कथित माओवादी दंपत्ति गिरफ्तार
रायपुर | संवाददाताः छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर से पुलिस ने एक माओवादी दंपति को गिरफ्तार करने का दावा किया है. पुलिस के अनुसार दोनों काफी दिनों से रायपुर के अलग-अलग इलाकों में रह रहे थे. फिलहाल दोनों करीब एक माह से चंगोराभाठा में किराए से मकान लेकर रह रहे थे.
दोनों पति-पत्नी नाम बदलकर यहां रह रहे थे. माओवादी दंपति ने इलाज का बहाना बनाकर मकान किराए पर लिया था. कथित माओवादी पति-पत्नी से फर्जी आधार कार्ड जब्त कर लिया गया है.
साथ ही युवक को पुलिस ने पूछताछ के लिए रिमांड पर लिया है. वहीं महिला को न्यायिक रिमांड पर जेल भेजा गया है.
पुलिस के मुताबिक माओवादी पति-पत्नी मूल रूप से बीजापुर के गंगालूर इलाके के रहने वाले हैं. पति का नाम जग्गू उर्फ रमेश कुरसम और पत्नी का नाम कमला कुरसम बताया जा रहा है.
दोनों ने मकान मालिक को फर्जी आधार कार्ड दिए थे, जिसके बाद से दोनों इलाज के बहाने यहां रह रहे थे.
बताया गया कि कथित माओवादी दंपति पिछले 5-6 सालों से रायपुर में हैं. इस दौरान कई बार अपना ठिकाना बदला.
पुलिस को दोनों के पास से कुछ अहम दस्तावेज भी मिले हैं, जिसमें मोबाइल और इलेक्ट्रॉनिक सामान शामिल है. पुलिस दोनों के शहरी नेटवर्क की जानकारी खंगाल रही है.
शुरुआती पूछताछ में यह भी सामने आया है कि जग्गू कई बड़े अधिकारियों के घर पर गार्ड और ड्राइवर की नौकरी कर चुका है.
रायपुर पुलिस को इंटेलिजेंस के माध्यम से सूचना मिली कि एक महिला और पुरुष माओवादियों के शहरी नेटवर्क में शामिल है. वे लगातार नक्सल संगठन को कई प्रकार की सूचना भेज कर मदद कर रहे हैं.
इस सूचना के बाद आरोपियों को ट्रेस किया गया. डीडी नगर थाना क्षेत्र के चंगोराभाठा से घेराबंदी कर गिरफ्तार कर लिया गया है.
पुलिस जिस समय मकान में दबिश दी उस समय मकान के अंदर दोनों पति-पत्नी मौजूद थे. पहले तो दोनों पुलिस को गुमराह करने की कोशिश करने लगे. लेकिन पुलिस ने सख्ती से पूछताछ की तो सच सामने आ गया.
गिरफ्तारी के बाद कथित माओवादी पति-पत्नी को बिलासपुर की NIA कोर्ट में पेश किया गया, जिसके बाद पुलिस ने युवक को रिमांड पर लिया है.
महिला को न्यायिक रिमांड पर भेजा दिया गया है. फिलहाल इस मामले में एजेंसी की तरफ से कोई अधिकारिक जानकारी नहीं आई है, लेकिन माना जा रहा है कि पूछताछ में अहम खुलासे हो सकते हैं.