भूपेश बघेल ने ऑपरेशन सिंदूर पर उठाए सवाल
रायपुर | संवाददाताः छत्तीसगढ़ के पूर्व मुख्यमंत्री और कांग्रेस के राष्ट्रीय महासचिव भूपेश बघेल ने ऑपरेशन सिंदूर पर बड़ा सवाल खड़ा किया है. उन्होंने कहा है कि पहलगाम आतंकी हमले के गुनहगारों को अब तक पकड़ा नहीं गया, तो फिर ऑपरेशन सिंदूर को सफल कैसे माना जा सकता है? पहलगाम आतंकी हमले में 26 लोग मारे गए थे. इस चूक का जिम्मेदार कौन है.
भारत और पाकिस्तान के बीच तनातनी के बीच आज पूर्व सीएम भूपेश बघेल ने दिल्ली में प्रेस कॉन्फ्रेंस की. उन्होंने मोदी सरकार से कई सवाल किए. साथ ही मोदी सरकार की गारंटी पर भी सवाल उठाया.
उन्होंने कहा कि पहलगाम आतंकी हमले के बाद भारतीय सेना ने वीरता और संकल्प का परिचय देते हुए आतंकियों को करारा जवाब दिया. लेकिन इसके तुरंत बाद अमेरिकी राष्ट्रपति का युद्धविराम की घोषणा करना कई शंकाओं को जन्म देता है. इससे हमारे मन में बहुत सारे सवाल खड़े हुए हैं.
उन्होंने कहा कि अमेरिकी राष्ट्रपति ने अचानक युद्ध विराम की घोषणा की क्या यह भारत सरकार की कूटनीतिक नाकामी नहीं है? जनता को जानने का हक है कि क्या हमने तीसरे पक्ष के हस्तक्षेप को स्वीकार कर लिया? पाकिस्तान से कौन-कौन से वादे किए गए, यह भी स्पष्ट किया जाए.
भूपेश बघेल ने कहा कि सरकार इस पूरे मुद्दे पर संसद का विशेष सत्र क्यों नहीं बुलाती है. उन्होंने कहा कि सभी दलों को बताया जाए कि युद्धविराम की शर्तें क्या थीं. जनता को यह जानने का अधिकार है.
उन्होंने कहा कि इस संकट की घड़ी में कांग्रेस ने अपने सभी राजनीतिक कार्यक्रम रद्द किए. ‘संविधान बचाओ रैली’ जैसे महत्त्वपूर्ण कार्यक्रम को स्थगित किया ताकि देश में एकजुटता का संदेश जाए. हमने ‘जय हिंद यात्रा’ निकाली ताकि सेना का मनोबल बढ़े और जनता आतंकवाद के खिलाफ एकजुट हो.
उन्होंने कहा कि हमने सरकार से कहा कि कितना भी बड़ा संकट आए, कांग्रेस आपके साथ है. लेकिन जब पूरा देश सेना के साथ खड़ा था तो बीजेपी के नेता ट्विटर पर बीजेपी और यूपीए की तुलना कर इसे राजनीति का रंग दे रहे थे.
उन्होंने कहा कि उनके नेता ट्वीट कर रहे थे कि "हमने सर्जिकल स्ट्राइक की, कांग्रेस ने कुछ नहीं किया" यह सेना की बहादुरी को अपनी उपलब्धि बताने की कोशिश थी.
उन्होंने कहा कि क्या सेना के बलिदान को चुनावी बयानबाजी में इस्तेमाल करना उचित है. एक बीजेपी नेता ने ट्वीट किया कि कांग्रेस के समय आतंकियों को माफी दी जाती थी और नरेंद्र मोदी ने सबक सिखाया.
भूपेश बघेल ने कहा यह सब झूठ है. कांग्रेस का स्पष्ट संदेश रहा है कि भारत की एकता से खिलवाड़ बर्दाश्त नहीं किया जाएगा. उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा राष्ट्र संकट वाली स्थिति में भी राजनीति करती रही.
उन्होंने कहा कि पहलगाम आतंकी हमले के बाद हमारी वीर सेना ने संकल्प और साहस के साथ दुश्मनों को जिस तरह से मुंहतोड़ जवाब दिया, वह पूरे राष्ट्र के लिए गर्व का पल था. हमारे जवानों ने अनेक युद्धों में भारत की अखंडता को बचाया. 1971 के बाद इंदिरा गांधी ने दुनिया को दिखा दिया था कि भारत किसी के सामने भारत किसी के सामने झुकने वाला नहीं है. आज भी हमारी सेना उसी जज़्बे के साथ सीमा पर डटी हुई है. कांग्रेस पार्टी उनके साथ कंधे से कंधा मिलाकर खड़ी है.