शादी समारोह में दूषित भोजन खाने से 95 लोग बीमार
बिलासपुर | संवाददाताः छत्तीसगढ़ के बिलासपुर और कोरबा जिले में फूड पॉइजनिंग का मामला सामने आया है. दोनों ही जगहों पर शादी समारोह में दूषित भोजन खाने से करीब 95 लोग बीमार पड़ गए हैं.
इन बीमारों में से कोरबा से 50 और बिलासपुर से 45 लोग शामिल हैं. बिलासपुर में एक बुजुर्ग की स्थिति काफी गंभीर है. उन्हें आईसीयू में भर्ती किया गया है.
स्वास्थ्य विभाग की टीम द्वारा मौके पर पहुंचकर जांच के लिए भोजन के सैंपल जुटाए गए हैं. फिलहाल सभी मरीजों की स्थिति स्थिर बताई जा रही है.
मिली जानकारी के अनुसार बिलासपुर से लगे तुर्काडीह गांव में सतनामी पारा निवासी नरेश सांडे के घर विवाह कार्यक्रम चल रहा था. नरेश सांडे की बेटी की शादी थी. बुधवार रात को मेहमानों को खाने में चावल, सब्जी और दाल परोसा गया था.
खाना खाने के बाद सभी रिश्तेदार और घर के लोग सोने चले गए. दूसरे दिन गुरुवार को कई लोगों की तबीयत बिगड़ने लगी. उल्टी-दस्त की शिकायत होने लगी. परिजनों ने स्थानीय डॉक्टर से दवाई लेकर सभी दिया.
इसके बाद भी स्वास्थ्य में कोई सुधार नहीं हुआ. बल्कि पीड़ितों की संख्या धीरे-धीरे बढ़ती चली गई. शाम तक 45 लोग बीमार पड़ गए. उनकी स्थिति लगातार खराब होते देखकर गुरुवार की देर शाम सभी को सिम्स में भर्ती किया गया. डॉक्टरों ने प्रारंभिक जांच में फूड पॉइजनिंग की आशंका जताई है.
घटना की जानकारी मिलते ही सीएमएचओ डॉ. प्रमोद तिवारी ने स्वास्थ्य विभाग की टीम को गांव भेजा.
बताया गया कि शादी घर में आलू-लौकी और भिंडी की सब्जी बनी थी. साथ ही तीन गंजों में चावल पकाया गया था. जिसमें से एक गंजे का चावल खराब था.
दो गंजों में बनाए गए चावल को खाने वाले सब ठीक हैं. तीसरे गंजे के चावल को खाने वालों की तबीयत बिगड़ी है.
बूंदी खाकर बीमार पड़े 50 लोग
इधर दूसरी घटना कोरबा जिले के उरगा थाना क्षेत्र के ग्राम भैंसमा की है. यहां भी शादी समारोह में पॉलीथिन में पैक सेव बूंदी खाने के बाद करीब 50 लोग बीमार पड़ गए.
बताया गया कि गुरुवार को यहां विवाह कार्यक्रम के दौरान सेव-बूंदी बांटा गया था. जिसे खाने के बाद बच्चों सहित करीब 50 लोग बीमार पड़ गए.
उल्टी-दस्त की शिकायत के बाद शादी घर में हड़कंप मच गया. देर रात को सभी को मेडिकल कॉलेज में दाखिल कराया गया. जहां सभी का उपचार जारी है.
घटना की सूचना मिलते ही पुलिस और प्रशासन के अधिकारी बीमारों की हालत का जायजा लेने के लिए अस्पताल पहुंचे.