मेन्द्री घूमर जलप्रपात से नीचे गिरने से 2 की मौत
छत्तीसगढ़ के बस्तर में मेन्द्री घूमर जलप्रपात में एक युवक व युवती की मौत
जगदलपुर | संवाददाताः मेन्द्री घूमर जलप्रपात से नीचे गिरने से 2 लोगों की मौत के बाद सुरक्षा व्यवस्था को लेकर सवाल उठने लगे हैं. छत्तीसगढ़ के बस्तर के पर्यटन केंद्रों पर सुरक्षा को लेकर हमेशा सवाल उठते रहे हैं, लेकिन इस बार हादसा चित्रकोट और तीरथगढ़ वाटरफॉल जैसी जगह पर नहीं बल्कि मेंद्री घूमर में हुआ है.
यह पर्यटन स्थल चित्रकोट वाटरफॉल से करीब 22 किलोमीटर दूर बारसूर मार्ग पर है. यहां उंचाई से बारिश के मौसम में बेहद खूबसूरत जलप्रपात गहरी खाई में जाते हुए बनता है.
आम दिनों में यहां पर्यटक गहरी खाई के नजदीक बैठना पसंद करते हैं.
पुलिस के मुताबिक एक ही बाइक में सवार तलेंद्र देवांगन और तनुजा देवांगन नाम के युवक-युवती मंगलवार की देर शाम मेंद्री घूमर पहुंचे थे.
जब काफी देर तक उनकी गाड़ी वहीं खड़ी रही और इन दोनों का कोई पता नहीं लगा, तो स्थानीय पर्यटन समिति के सदस्यों ने इस बात की सूचना मारडुम थाने में दी.
मौके पर पहुंची पुलिस की टीम ने देखा कि दोनों ही खाई से नीचे गिरे हुए थे.
ऐसे में वहाँ के स्थानीय ग्रामीणों के साथ मिलकर करीब 2 घंटे का रेस्क्यू ऑपरेशन चलाकर दोनों को गहरी खाई से बाहर निकाला गया. तब तक दोनों की जान जा चुकी थी.
बकावंड ब्लॉक के रहने वाले थे
हादसे की वजह स्पष्ट नहीं है. दोनों ने खुदकुशी की है या किसी लापरवाही की वजह से खाई से नीचे जा गिरे.
मामले में मारडूम पुलिस जांच कर रही है. शवों को बाहर निकाल कर परिवार वालों को जानकारी दी गयी.
इस पर्यटन केंद्र में पहली बार इस तरह का हादसा सामने आया है.
पुलिस ने बताया कि दोनों ही मृतक बस्तर जिले के बकावंड ब्लॉक के रहने वाले थे.
युवक ने इसी साल 12 वीं की परीक्षा दी थी. दोनो के शव का पोस्टमार्टम किया जा रहा है.
100 फिट नीचे खाई में गिरकर हुई मौत
लौंहडीगुड़ा के एसडीओपी ईश्वर त्रिवेदी ने बताया कि बस्तर के पर्यटन स्थलों का स्थानीय ग्रामीणों की समिति के द्वारा संचालन किया जाता है.
मेन्द्री घूमर जलप्रपात का पानी ऊंची चट्टानों से 100 फिट नीचे खाई में गिर जलप्रपात का रूप लेता है.
मंगलवार शाम वहां तेलंद्र देवांगन और तनुजा देवांगन एक ही बाइक में सवार होकर घूमने आए थे. जब दोनों काफी देर तक वापिस नहीं लौटे तो स्थानीय पर्यटन समिति ने पुलिस को सूचना दी.
तलाशी के दौरान दोनों के शव जलप्रपात से करीब 100 फीट नीचे खाई में गिरे नजर आए. करीब दो घंटे की मशक्कत के बाद दोनों के शव को बाहर निकाला गया.
दोनों के शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया है.
12वीं के बाद कंप्युटर की क्लास कर रहा था मृतक
इधर मृतक तलेन्द्र देवांगन के पिता ने बताया कि वह मगंलवार को दोपहर 12 बजे से घर से निकला हुआ था.
हम लगातार उसे फोन कर रहे थे, लेकिन बेटे के द्वारा फोन रिसीव नहीं किया गया.
हाल ही में उसकी 12वीं की परीक्षा खत्म हुई, उसके बाद वह कंप्यूटर क्लास जा रहा था.
मृतक तलेंद्र देवांगन के पिता का कहना है कि उसके बेटे के साथ जिस युवती तनुजा देवांगन की भी मौत हुई है, उसे वह नहीं जानते. फिलहाल पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है.
वहीं एक बार फिर इस घटना से जिला प्रशासन और पर्यटन विभाग द्वारा पर्यटन स्थलों में सुरक्षा के दावे की पोल खुल गई है.