हिंदी दिवस 2025: आशुतोष राणा ने हिंदी को बताया भारत की आत्मा
मुंबई । मनोरंजन डेस्क: 14 सितंबर, 2025 को हिंदी दिवस के अवसर पर, प्रसिद्ध अभिनेता आशुतोष राणा ने हिंदी भाषा के महत्व पर अपने विचार साझा किए और इसे भारत की सांस्कृतिक पहचान का आधार बताया. उन्होंने हिंदी को एक ऐसी भाषा के रूप में वर्णित किया जो देश के लाखों लोगों को जोड़ती है.
'वॉर' जैसी फिल्मों में अभिनय कर चुके राणा ने अपने एक पोस्ट में हिंदी भाषा के प्रति गहरा सम्मान व्यक्त किया. उन्होंने कहा, "माता, मातृभाषा और मातृभूमि हमारी सभ्यता और संस्कृति की जड़ें हैं. ये हमें दुनिया से जोड़ना सिखाती हैं, न कि उससे लड़ना. इनका ऋण कभी पूरी तरह चुकाया नहीं जा सकता."
राणा ने लोगों से हिंदी भाषा की रक्षा करने और इसे प्रेम से संवारने का आग्रह किया. उनके अनुसार, हिंदी केवल एक भाषा नहीं, बल्कि एक भावना है जो विभिन्न पृष्ठभूमियों के लोगों को एकजुट करती है. उन्होंने जोर देकर कहा कि हमें इसे केवल संचार के माध्यम के रूप में नहीं, बल्कि एक मार्गदर्शक शक्ति के रूप में देखना चाहिए.
'हमारे राम' की 300वीं प्रस्तुति
हिंदी दिवस के अवसर पर, राणा ने अपने लोकप्रिय नाटक 'हमारे राम' की 300वीं मंच प्रस्तुति की घोषणा की. इस नाटक में आशुतोष राणा रावण की भूमिका निभाते हैं, जबकि राहुल भूचर भगवान राम, दानिश अख्तर हनुमान, तरुण खन्ना भगवान शिव, हरलीन कौर रेखी सीता और करण शर्मा सूर्य देव के किरदार में हैं. राणा ने अपने नाटकीय मंच लुक की कुछ तस्वीरें भी साझा कीं.
हिंदी दिवस का महत्व
हिंदी दिवस हर साल 14 सितंबर को मनाया जाता है. यह दिन 1949 में संविधान सभा द्वारा देवनागरी लिपि में लिखी गई हिंदी को भारत की आधिकारिक भाषाओं में से एक के रूप में अपनाने की याद दिलाता है. तब से यह दिन हिंदी की समृद्धि और भारत की विविध समुदायों को जोड़ने में इसकी भूमिका का उत्सव बन गया है.