मानसून की रफ्तार पड़ी धीमी, अभी बारिश के आसार नहीं
रायपुर | संवाददाताः छत्तीसगढ़ में मानसून की रफ्तार धीमी पड़ गई है. जिसके चलते वर्तमान में कुछ दिनों तक तेज बारिश की संभावना नहीं है. हालांकि प्रदेश के कुछ हिस्सों में हल्की बैछारें पड़ सकती हैं.
इस दौरान कुछ स्थानों पर 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चल सकती हैं. इन हवाओं के साथ बिजली भी गिर सकती है.
छत्तीसगढ़ में जून के पहले सप्ताह में मौसम ने एक बार फिर करवट ली है. इससे पहले मई का महीना पूरी तरह से बदली और बारिश के बीच गुजरा है.
यहां तक कि नवतपा तो इस बार तपा ही नहीं. आखिरी के दो दिनों को छोड़ दें तो पूरे सात दिनों तक बारिश हुई है.
संभवतः ऐसा पहली बार हुआ है कि प्रदेश में नवतपा में इतनी ज्यादा बारिश हुई हो.
जून माह के पहले दिन रविवार को प्रदेश के करीब 33 स्थानों पर हल्की बारिश हुई थी. इसके अगले दिन सोमवार से मौसम एकदम से बदल गया.
सोमवार को सिर्फ तीन जगहों और मंगलवार को केवल 1 ही जगह पर न्यूनतम 10 मिमी बारिश हुई. वहीं बुधवार को कहीं भी बारिश दर्ज नहीं गई की है.
मौसम विभाग के अनुसार अगले तीन से चार दिन बारिश होने की संभावना कम ही है. सिनॉप्टिक सिस्टम में बदलाव होने के कारण मानसून कमजोर पड़ गया है.
मानसून नारायणपुर-कोंडागांव से आगे नहीं बढ़ रहा है. राजधानी रायपुर सहित पूरे प्रदेश में मानसून फैलने में अभी वक्त लगेगा.
प्रदेश का औसत तापमान फिलहाल 4 डिग्री तक बढ़ा है. अगले तीन दिनों में तापमान में 2 से 3 डिग्री तक वृद्धि हो सकती है.
हालांकि इस बीच बस्तर संभाग के 6 जिलों में हल्की से मध्यम बारिश हो सकती है.
मौसम विभाग ने 5 जून को बस्तर संभाग के सुकमा, बीजापुर, दंतेवाड़ा, बस्तर, नारायणपुर और कोंडागांव के कुछ हिस्सों में बिजली गिरने के साथ मध्यम गरज और तेज तूफान की चेतावनी जारी की है.
बीते 24 घंटों में छत्तीसगढ़ के अधिकांश जिलों में मौसम शुष्क रहा. इस दौरान लोग गर्मी और उमस से परेशान होते रहे.
बुधवार को प्रदेश में राजनांदगांव सबसे गर्म रहा. यहां अधिकतम तापमान 38 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया है.जबकि न्यूनतम तापमान अंबिकापुर में 23 डिग्री रहा.