पंचायत सचिवों के बगैर ही आयोजित हो रहा सुशासन तिहार
छत्तीसगढ़ के दंतेवाड़ा में सरपंच संघ ने सचिवों की हड़ताल का समर्थन किया
दंतेवाड़ा | संवाददाता: छत्तीसगढ़ में पंचायत सचिवों की अनिश्चित कालीन हड़ताल विगत 17 मार्च से जारी है. इस दौरान सचिव जिला मुख्यालय व ब्लॉक मुख्यालयों में निरंतर धरना दे रहे हैं.
इसी क्रम में बुधवार को दंतेवाड़ा जिला मुख्यालय में धरने पर बैठे सचिवों ने हड़ताल पंडाल में रामायण पाठ किया.
पंचायत सचिव नियमितीकरण-शासकीयकरण संबंधी एक सूत्रीय मांग को लेकर हड़ताल पर हैं.
इस बीच राज्य सरकार ने 8 अप्रैल से सुराज अभियान की शुरुआत की है, जिसका नाम इस बार सुशासन तिहार रखा गया है.
इसके जरिए नगरीय व ग्रामीण क्षेत्रों में आम जनता से उनकी मांगों व शिकायत संबंधी आवेदन लिए जा रहे हैं.
लेकिन पंचायत सचिवों के हड़ताल पर होने से ग्रामीण क्षेत्रों में पहले से ही पंचायत के काम-काज ठप पड़े हुए हैं.
हड़ताल को सरपंच संघ का समर्थन
सरपंच संघ की दंतेवाड़ा जिला इकाई ने धरना स्थल दुर्गा मंडप में पहुंचकर सचिवों के आंदोलन को समर्थन दिया है.
सरपंच संघ के चारों ब्लॉक अध्यक्षों ने सचिवों की मांग को जायज बताते हुए सरकार से तत्काल पूरा करने की मांग रखी.
साथ ही कहा कि पंचायत सचिवों पर जितना कार्य भार और मानसिक दबाव रहता है, उसे देखते हुए शासन को नियमितीकरण-शासकीयकरण की मांग को तत्काल पूरा करना चाहिए.
चुनाव में जब से नए सरपंच चुनकर आए हैं, तब से सचिव हड़ताल पर चले गए हैं.
नए सरपंचों को काम करने और कुछ सीखने का मौका ही नहीं मिल रहा है. विकास कार्य पूरी तरह ठप्प पड़े हैं. आम जनता अपने काम के लिए भटक रही है.