DSA समर्थित भारतवंशी नित्या रामन बनीं लॉस एंजिल्स की नई मेयर
डेमोक्रेटिक सोशलिस्ट्स ऑफ अमेरिका (DSA) समर्थित भारतवंशी नित्या रामन ने निवर्तमान मेयर करेन बास को हराकर लॉस एंजिल्स का मेयर चुनाव जीत लिया है. 52% वोट हासिल कर इतिहास रचने वाली 45 वर्षीय अर्बन प्लानर नित्या रामन अब 2028 ओलंपिक की मेजबानी की तैयारियों में जुटे इस बड़े अमेरिकी शहर का नेतृत्व करेंगी.
नई दिल्ली । डेस्क: डेमोक्रेटिक सोशलिस्ट नित्या रामन लॉस एंजिल्स की अगली मेयर चुनी गई हैं. एक कड़े मुकाबले में उन्होंने निवर्तमान मेयर और पूर्व सहयोगी करेन बास को मात दी. 75 प्रतिशत मतों की गिनती होने के बाद गुरुवार (5 नवंबर 2026) को करेन बास ने नित्या रामन को फोन कर अपनी हार स्वीकार कर ली. चुनाव परिणामों के अनुसार, 45 वर्षीय भारतवंशी नित्या रामन को 52 प्रतिशत वोट मिले, जबकि बास को 48 प्रतिशत वोट प्राप्त हुए.
अपनी जीत के बाद सोशल मीडिया पर जारी एक बयान में नित्या रामन ने कहा कि वह अमेरिका के इस दूसरे सबसे बड़े शहर की मेयर बनने पर बेहद सम्मानित महसूस कर रही हैं. उन्होंने शहरवासियों को एकजुट होकर आगे बढ़ने का संदेश दिया.
वहीं, 73 वर्षीय करेन बास ने एक बयान में रामन को बधाई देते हुए सुचारू और निर्बाध रूप से सत्ता हस्तांतरण सुनिश्चित करने की प्रतिबद्धता जताई. करेन बास 2022 में लॉस एंजिल्स के इतिहास में पहली अश्वेत महिला मेयर चुनी गई थीं, लेकिन वर्ष 2025 में लगे जंगलों के भीषण दावानल (वाइल्डफायर) के दौरान उनकी अनुपस्थिति और अन्य प्रशासनिक समस्याओं के चलते उन्हें इस चुनाव में हार का सामना करना पड़ा.
डेमोक्रेटिक सोशलिस्ट्स ऑफ अमेरिका (DSA) से संबद्ध नित्या रामन ने "पॉटहोल पॉलिटिक्स" यानी टूटी सड़कों, स्ट्रीटलाइट्स और फुटपाथ जैसी बुनियादी समस्याओं को अपना मुख्य चुनावी मुद्दा बनाया था. साथ ही उन्होंने युवा मतदाताओं के बीच बढ़ती महंगाई और घर-किराए की समस्याओं को जोर-शोर से उठाया.
आखिरी पलों में चुनाव में उतरीं नित्या रामन ने 3 नवंबर के मतदान से पहले कहा था कि लोग शहर की पुरानी और खराब व्यवस्था से असंतुष्ट हैं. इस ऐतिहासिक जीत के साथ, हार्वर्ड और एमआईटी से शिक्षित यह अर्बन प्लानर अब 2028 के ओलंपिक खेलों की मेजबानी की तैयारी कर रहे मनोरंजन उद्योग के इस प्रमुख केंद्र का नेतृत्व करेंगी.