एग्जिट पोल्स में बिहार में NDA की वापसी का दावा
नई दिल्ली । डेस्क: बिहार विधानसभा चुनाव का अंतिम चरण मंगलवार 11 नवंबर, 2025 को समाप्त होने के साथ ही, जारी किए गए नौ एग्जिट पोल्स में राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (NDA) के लिए निर्णायक बहुमत का अनुमान लगाया गया है. इन एग्जिट पोल्स के अनुसार, सत्तारूढ़ गठबंधन राज्य में सत्ता बरकरार रखने के लिए तैयार है, जबकि वोटों की गिनती 14 नवंबर को होनी है.
एग्जिट पोल्स के आंकड़ों में NDA को बड़े अंतर से आगे दिखाया गया है. Matrize ने NDA को 147-167 सीटें, महागठबंधन (MGB) को 70-90, जन सुराज पार्टी (JSP) को 0-2 और अन्य को 2-8 सीटें मिलने का अनुमान लगाया है.
People’s Insight ने NDA के लिए 133-148 सीटें, MGB के लिए 87-102, JSP के लिए 0-2 और अन्य के लिए 3-6 सीटों की भविष्यवाणी की है.
Peoples Pulse के अनुसार, NDA को 133-159 सीटें, MGB को 75-101, JSP को 0-5 और अन्य को 2-8 सीटें मिल सकती हैं. JVC Poll ने भी NDA की जीत का अनुमान लगाते हुए 135-150 सीटें, MGB को 88-103, JSP को 0-1 और अन्य को 3-6 सीटें दी हैं.
Chanakya Strategies ने NDA को 130-138 सीटें और MGB को 100-108 सीटें मिलने का अनुमान लगाया है, जबकि JSP के लिए शून्य और अन्य के लिए 3-5 सीटें बताई हैं.
इसके अलावा, P-Marq ने NDA के लिए 142-162 सीटें, MGB के लिए 80-98, JSP के लिए 1-4 और अन्य के लिए 0-3 सीटें प्रोजेक्ट की हैं.
Dainik Bhaskar के अनुमानों के मुताबिक, NDA को 145-160 सीटें, MGB को 73-91, JSP को 0-3 और अन्य को 5-7 सीटें मिलने की संभावना है.
DV Research ने NDA के पक्ष में 137-152 सीटें, MGB के लिए 83-98, JSP के लिए 2-4 और अन्य के लिए 1-8 सीटों की भविष्यवाणी की है.
TIF Research-NAI ने भी BJP के नेतृत्व वाले गठबंधन के लिए बड़ी जीत का संकेत देते हुए NDA को 145-163 सीटें और विपक्ष को 76-95 सीटें मिलने का अनुमान दिया है.
Axis My India और Today’s Chanakya अपने एग्जिट पोल के परिणाम बुधवार (12 नवंबर, 2025) को जारी करने वाले हैं.
इस बीच, मतदान में रिकॉर्ड उत्साह देखा गया. दूसरे चरण में 122 विधानसभा क्षेत्रों में मंगलवार शाम 7 बजे तक 68.52% मतदान हुआ और अंतिम आंकड़ा बढ़ने की संभावना है. पहले चरण में भी 121 निर्वाचन क्षेत्रों में 64.69% के साथ अब तक का सर्वाधिक मतदान दर्ज किया गया था.
गौरतलब है कि भारत निर्वाचन आयोग (ECI) ने अतीत में एग्जिट पोल के अनुमानों के खिलाफ चेतावनी दी थी, तत्कालीन मुख्य चुनाव आयुक्त राजीव कुमार ने इसे वास्तविक नतीजों से मेल न खाने वाला "बहुत बड़ा भ्रम" बताया था.