कबीरधाम में बिजली विभाग का सहायक 3 करोड़ के गबन में फंसा
कवर्धा । डेस्क: छत्तीसगढ़ के कबीरधाम जिले से सरकारी तंत्र को चूना लगाने वाला एक बड़ा आर्थिक अपराध सामने आया है. यहां बिजली कंपनी के रवेली वितरण केंद्र में पदस्थ कार्यालय सहायक मनोज कुमार साहू पर करीब 3.17 करोड़ रुपये के सार्वजनिक धन की हेराफेरी का गंभीर आरोप लगा है.
जांच में सामने आया है कि आरोपी ने वर्ष 2019 से 2023 के बीच बड़ी ही चालाकी से राजस्व की राशि को बैंक में जमा करने के बजाय डकार लिया, जबकि विभागीय रिकॉर्ड में वह सारा लेन-देन वैध दर्शाता रहा.
जांच अधिकारियों के अनुसार, इस पूरे फर्जीवाड़े को अंजाम देने के लिए आरोपी ने कागजों और सिस्टम के साथ जमकर छेड़छाड़ की. वह उपभोक्ताओं से प्राप्त नकद राशि का ब्योरा सरकारी पोर्टल पर तो दर्ज करता था, लेकिन उस नकदी को कभी बैंक तक नहीं पहुंचाया गया.
पकड़े जाने के डर से आरोपी बैंक की जमा पर्चियों (डिपॉजिट स्लिप) की केवल फोटोकॉपी ही फाइलों में लगाता था, जिनमें से कई में तारीख और रकम के साथ ओवरराइटिंग की गई थी. कुल 155 ऐसे संदिग्ध मामले उजागर हुए हैं, जहां कागजी खानापूर्ति तो पूरी मिली लेकिन बैंक खाते खाली रहे.
यही नहीं, आरोपी ने अपने वरिष्ठ अधिकारियों को अंधेरे में रखने के लिए कनिष्ठ अभियंता के जाली हस्ताक्षर भी किए और विभागीय मुहरों का दुरुपयोग किया.
जब विभाग ने बैंक स्टेटमेंट का मिलान फाइलों से किया, तब जाकर इस सुनियोजित गबन का पर्दाफाश हुआ.
इस मामले में सहायक अभियंता सुनील कुमार गुप्ता की शिकायत पर पिपरिया थाना पुलिस ने मनोज कुमार साहू के खिलाफ धोखाधड़ी और जालसाजी की विभिन्न धाराओं में प्राथमिकी दर्ज कर ली है. पुलिस अब आरोपी की गिरफ्तारी और इस घोटाले में शामिल अन्य संभावित कड़ियों की तलाश में जुट गई है.