छत्तीसगढ़: विनोद कुमार शुक्ल और तीजनबाई से PM मोदी ने जाना हाल
छत्तीसगढ़: साहित्यकार और कलाकार से PM मोदी ने जाना हाल
दुर्ग । संवाददाता: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने छत्तीसगढ़ के 25वें स्थापना दिवस के मौके पर अपने एक दिवसीय दौरे के दौरान लेखक विनोद कुमार शुक्ल और पंडवानी गायिका तीजनबाई के स्वास्थ्य के बारे में व्यक्तिगत रूप से जानकारी ली.
प्रधानमंत्री मोदी ने सबसे पहले प्रसिद्ध लेखक विनोद कुमार शुक्ल को फ़ोन कर उनका हालचाल जाना. विनोद कुमार शुक्ल के बेटे, शाश्वत शुक्ल, ने इस बातचीत की जानकारी दी.
उन्होंने बताया कि फ़ोन पर बातचीत के दौरान विनोद कुमार शुक्ल ने स्वस्थ होकर घर लौटने की इच्छा व्यक्त की. शाश्वत शुक्ल ने कहा, "देश के प्रधानमंत्री का व्यक्तिगत रूप से किसी लेखक का हालचाल जानना बहुत अच्छा लगता है."
प्रधानमंत्री मोदी ने पंडवानी की विश्व-प्रसिद्ध कलाकार, पद्म विभूषण तीजन बाई, के स्वास्थ्य के बारे में भी चिंता व्यक्त की. स्वास्थ्य संबंधी चुनौतियों का सामना कर रहीं 73 वर्षीय तीजन बाई से PM मोदी ने उनकी बहू वेणु देशमुख से लगभग 1 मिनट 18 सेकंड तक बात की.
वेणु देशमुख ने कहा कि तीजन बाई इस समय ठोस आहार नहीं ले पा रही हैं और उन्हें पोषण के लिए सूप दिया जा रहा है.
वेणु देशमुख ने कहा कि प्रधानमंत्री ने व्यक्तिगत रूप से उनसे न मिल पाने का खेद व्यक्त किया, लेकिन छत्तीसगढ़ में होने के नाते फ़ोन करके हाल जाना और सभी संभव सहायता का आश्वासन दिया. उन्होंने परिवार से चिकित्सा उपचार सहित किसी भी ज़रूरत के लिए सीधे उनसे संपर्क करने को कहा.
वेणु देशमुख ने इस पल को अविश्वसनीय बताते हुए कहा, "मुझे विश्वास नहीं हो रहा था कि PM मोदी फ़ोन कर रहे हैं." इस कॉल के बाद डॉक्टरों की एक टीम भी तीजन बाई का हाल जानने उनके घर पहुँची.
मिली जानकारी के अनुसार तीजन बाई के परिवार ने हाल के वर्षों में निजी और वित्तीय कठिनाइयों, बेटों को खोने और पेंशन में देरी का सामना किया है.
प्रधानमंत्री के कॉल के बाद, दुर्ग के जिलाधिकारी अभिषेक सिंह और SDM ने भी तीजन बाई के निवास गनियारी का दौरा किया. परिवार ने इस दौरान आर्थिक कठिनाइयों को उजागर करते हुए परिवार के एक सदस्य के लिए सरकारी नौकरी का अनुरोध किया.
राज्य सरकार पहले ही उन्हें ₹5 लाख की सहायता और होम-केयर उपकरण उपलब्ध करा चुकी है.