25 लाख वोटरों के नाम हटाने में ECI-BJP की मिलीभगत- दीपक बैज
रायपुर । संवाददाता: छत्तीसगढ़ प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष दीपक बैज ने निर्वाचन आयोग की मतदाता सूची पुनरीक्षण प्रक्रिया पर गंभीर सवाल उठाते हुए भारतीय जनता पार्टी और आयोग के बीच मिलीभगत का आरोप लगाया है. बैज ने दावा किया कि राज्य में जानबूझकर कांग्रेस समर्थकों, विशेषकर अनुसूचित जाति (SC), अनुसूचित जनजाति (ST) और अल्पसंख्यक समुदायों के लाखों मतदाताओं के नाम सूची से हटा दिए गए हैं.
उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा कार्यकर्ताओं ने कांग्रेस मतदाताओं की पहचान कर 'फॉर्म 7' पर फर्जी हस्ताक्षर के जरिए नाम कटवाने की साजिश रची है. बैज का कहना है कि प्रदेश भर के कई पोलिंग बूथों पर धोखाधड़ी की शिकायतें दर्ज कराई गई हैं, लेकिन अब तक कोई ठोस कार्रवाई या प्राथमिकी दर्ज नहीं की गई है, जिससे निर्वाचन आयोग की मंशा पर संदेह होता है.
निर्वाचन आयोग द्वारा 21 फरवरी, 2026 को जारी आंकड़ों के अनुसार, विशेष गहन पुनरीक्षण के बाद मतदाता सूची में 2.35 लाख नए नाम जोड़े गए हैं. आयोग ने बताया कि 27 अक्टूबर, 2025 से शुरू हुई इस प्रक्रिया के तहत शुरुआती सूची में 2,12,30,737 मतदाता थे, जिनमें से केवल 1,84,95,920 मतदाताओं के प्रपत्र ही डिजिटाइज किए गए.
इस गणना के आधार पर मृत्यु, पते में बदलाव या दोहरी प्रविष्टि जैसे कारणों से लगभग 27 लाख मतदाताओं को ड्राफ्ट रोल से बाहर कर दिया गया था.
इसके बाद, 23 दिसंबर से 21 जनवरी के बीच प्राप्त दावों और आपत्तियों के निराकरण के बाद अंतिम मतदाता सूची में कुल मतदाताओं की संख्या 1,87,30,914 पहुंच गई है, जो ड्राफ्ट रोल की तुलना में 2,34,994 की शुद्ध वृद्धि दर्शाती है.