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बिलासपुर से अमरकंटक: नया पर्यटन सर्किट बनेगा

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04 जुल. 2025, 02:42 PM 2 मिनट में पढ़ें 2

तोखन साहू
तोखन साहू

बिलासपुर । संवाददाता: छत्तीसगढ़ के बिलासपुर जिले में पर्यटन को बढ़ावा देने के लिये एक महत्वाकांक्षी पहल शुरू की गई है. केंद्रीय शहरी विकास राज्य मंत्री तोखन साहू की अगुवाई में अचानकमार टाइगर रिजर्व (एटीआर) से अमरकंटक तक एक नया पर्यटन सर्किट विकसित किया जायेगा. इस परियोजना में एनटीपीसी, एसईसीएल और अडानी फाउंडेशन जैसी प्रमुख कंपनियों का सहयोग लिया जायेगा. इसका उद्देश्य बिलासपुर, रतनपुर, खूंटाघाट, खुड़िया जलाशय, अचानकमार टाइगर रिजर्व और अमरकंटक जैसे पर्यटन स्थलों को और आकर्षक बनाना है.


सोमवार को आयोजित एक बैठक में मंत्री साहू ने जिला प्रशासन और कंपनियों के प्रतिनिधियों के साथ मिलकर इस सर्किट की रूपरेखा तैयार करने के निर्देश दिये. उन्होंने बताया कि एक निजी कंसल्टेंट की मदद से एक महीने के भीतर विस्तृत परियोजना रिपोर्ट (डीपीआर) तैयार की जायेगी. इसके बाद विभिन्न कंपनियों को विकास कार्यों की जिम्मेदारी सौंपी जायेगी. बैठक में विधायक धर्मजीत सिंह, सुशांत शुक्ला, दिलीप लहरिया, अटल श्रीवास्तव, जिला पंचायत अध्यक्ष राजेश सूर्यवंशी, कलेक्टर संजय अग्रवाल और सीईओ संदीप अग्रवाल भी शामिल थे.

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मंत्री साहू ने कहा कि बिलासपुर की भौगोलिक स्थिति इसे पर्यटन के लिये आदर्श बनाती है, क्योंकि यह छत्तीसगढ़ के केंद्र में स्थित है. बड़ी संख्या में पर्यटक यहां से गुजरते हैं, लेकिन सुविधाओं और प्रचार के अभाव में वे रुकने के बजाय आगे बढ़ जाते हैं. इस सर्किट के विकास से पर्यटकों को रुकने और स्थानीय प्राकृतिक सौंदर्य, जंगल, जलाशयों और सांस्कृतिक धरोहर का आनंद लेने का अवसर मिलेगा.


इस परियोजना में केंद्र सरकार की प्रसाद योजना का भी उपयोग किया जायेगा. कंपनियों ने इस पहल में सक्रिय भागीदारी की सहमति दी है. कलेक्टर संजय अग्रवाल ने बताया कि डीपीआर तैयार होने के बाद कार्य को तेजी से शुरू किया जायेगा. पर्यटकों के लिए दो से तीन दिन ठहरने की सुविधायें विकसित की जायेंगी. अचानकमार टाइगर रिजर्व, जो करीब 1,000 वर्ग किलोमीटर में फैला है, में खुड़िया, केंवची और शिवतराई से प्रवेश की व्यवस्था होगी.


मंत्री साहू ने बैगा जनजाति बहुल क्षेत्रों में होम स्टे और ट्राइबल संस्कृति को बढ़ावा देने की योजना का भी जिक्र किया. उन्होंने कहा कि ट्री विलेज और स्थानीय संस्कृति को प्रदर्शित करने से इस क्षेत्र को एक विशिष्ट पहचान मिलेगी. इस परियोजना से न केवल सांस्कृतिक विरासत का संरक्षण होगा, बल्कि स्थानीय लोगों के लिए रोजगार के नये अवसर भी सृजित होंगे.

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CGKhabar — Editor: Raghvendra Chand Singh, Raipur, Chhattisgarh. Managed by Space IX Media LLP