राशन लेकर लौट रहे ग्रामीणों का ट्रैक्टर पलटा, 3 की मौत
छत्तीसगढ़ राशन लेकर लौट रहे ग्रामीणों का ट्रैक्टर पलटा, 3 की मौत
नारायणपुर | संवाददाताः छत्तीसगढ़ के नारायणपुर जिले में बुधवार देर रात ट्रैक्टर ट्रॉली पलटने से तीन लोगों की मौत हो गई. जबकि 13 लोग घायल हो गए. घायलों में 2 लोगों की हालत गंभीर है.
बताया गया कि ट्रैक्टर में 16 ग्रामीण सवार थे. सभी लोग सरकारी राशन दुकान से चावल लेकर अपने गांव लौट रहे थे.
पुलिस के मुताबिक हादसा छोटे डोंगर थाना क्षेत्र के मढोनार के पास हुआ. कोडोली ग्राम पंचायत के इरपानार के 16 ग्रामीण ओरछा ब्लॉक सरकारी राशन लेने गए थे. ओरछा इनके गांव से करीब 30 किलोमीटर दूर है. राशन लेकर देर रात घर लौट रहे थे.
इसी दौरान मढ़ोनार के पास ट्रैक्टर अनियंत्रित होकर पलट गया. इस दौरान कई लोग ट्रॉली से बाहर फेंका गए. इनमें से दो महिला फूलमती पदामी और लछनबाई के साथ एक पुरुष घसिया कचलाम ट्रॉली के नीचे दब गए, जिससे उनकी मौके पर ही मौत हो गई.
दोनों मृत महिलाओं की एक-एक बच्ची हैं, जिनकी उम्र लगभग छह माह है. हादसे में दोनों बच्ची भी बुरी तरह से जख्मी हैं. वहीं इस हादसे में 11 लोग घायल हुए हैं.
घटना के बाद आसपास के लोगों ने 108 संजीवनी एक्सप्रेस और पुलिस को इसकी जानकारी दी.
जानकारी मिलने के बाद 108 एम्बुलेंस की टीम देर से मौके पर पहुंची.
घायलों को इलाज के लिए छोटे डोंगर अस्पताल पहुंचाया गया. जहां उनका प्राथमिक उपचार किया गया. इनमें से दो ग्रामीणों की स्थिति काफी गंभीर होने पर दोनों घायलों को बेहतर उपचार के लिए नारायणपुर जिला अस्पताल रेफर किया गया है. जहां उनका इलाज चल रहा है.
राशन लेने 40 किलोमीटर दूर जाने की मजबूरी
बताया जा रहा है कि नक्सल प्रभावित और अंदरूनी क्षेत्र होने के कारण नारायणपुर जिले की दर्जनों ग्राम पंचायतों की राशन दुकानों की स्थापना ओरछा ब्लॉक मुख्यालय में की गई है.
इन ग्राम पंचायतों के ग्रामीण हर माह राशन लेने ओरछा जाते हैं.
इस दौरान ग्रामीण काफी लंबा रास्ता तय करते हैं. कई ग्रामीण 40 किलोमीटर या उससे अधिक दूरी से भी आते हैं.
सड़क की स्थिति भी काफी खराब है. जगह-जगह बड़े-बड़े गड्ढे हो गए हैं. जिससे आए दिन दुर्घटनाएं भी होती हैं.
एम्बुलेंस का करते रहे घंटों इंतजार
वन मंत्री केदार कश्यप ने सोशल मीडिया में पोस्ट कर घायलों के अतिशीघ्र स्वस्थ होने की कामना करते हुए इस हादसे में जान गंवाने वाले परिवारजनों के प्रति संवेदना व्यक्त की है.
साथ ही उन्होंने घायलों के बेहतर इलाज के लिए अधिकारियों को निर्देशित किया है.
हाल ही में प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्र छोटेडोंगर में डॉक्टरों व एम्बुलेंस की मांग को लेकर कलेक्टर को ज्ञापन सौंपने वाले कांग्रेस नेता विजय सलाम ने अपनी सोशल मीडिया पोस्ट में लिखा है कि जिसका डर था वही हुआ.
छोटेडोंगर सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र में एम्बुलेंस की कमी से ट्रैक्टर दुर्घटना में घायलों को सही समय पर स्वास्थ्य केन्द्र नहीं पहुंचाया जा सका.
घायल मरीज घंटों एम्बुलेंस का इंतजार करते रहे. इस मुद्दे को मैंने उठाया था.
दुर्भाग्यवश इससे पहले कि सरकार कुछ कदम उठा पाती यह दुर्घटना घटित हो गई. ये गलती किसकी मानी जाएगी, ग्रामीण की या सरकार की?