सुरक्षा बलों ने बरामद किया भारी मात्रा में नक्सली सामान
कांकेर । संवाददाता: छत्तीसगढ़ के कांकेर जिले में सुरक्षा बलों ने दो अलग-अलग अभियानों के दौरान भारी मात्रा में हथियार, विस्फोटक और अन्य नक्सली सामग्री बरामद की है. पुलिस अधिकारियों ने रविवार को इस बात की जानकारी दी. यह बरामदगी ऐसे समय में हुई है जब सरकार ने पहले ही छत्तीसगढ़ से दशकों पुराने माओवादी उग्रवाद के पूरी तरह खात्मे का ऐलान किया था.
पुलिस के मुताबिक, यह ऑपरेशन डिस्ट्रिक्ट रिजर्व गार्ड (DRG), जिला पुलिस, सीमा सुरक्षा बल (BSF) और बम निरोधक दस्ते (BDS) के जवानों द्वारा संवेदनशील जंगली और पहाड़ी इलाकों में संयुक्त रूप से चलाया गया. बस्तर रेंज के पुलिस महानिरीक्षक सुंदरराज पी., बीएसएफ और कांकेर-नारायणपुर जिलों के पुलिस अधिकारियों की देखरेख में इस पूरी कार्रवाई को अंजाम दिया गया.
पहला अभियान 22 मई को कोइलीबेड़ा थाना क्षेत्र के पल्लाहुर और जापमार्कस गांवों के बीच के जंगलों में चलाया गया. तलाशी के दौरान बलों को नक्सलियों का एक गुप्त डंप मिला, जिसमें देसी बीजीएल लांचर, 25 बीजीएल शेल, चार इम्प्रोवाइज्ड फायर कारतूस, एके-47 और एसएलआर राइफलों के खाली खोखे, लगभग पांच किलोग्राम गनपाउडर, 10 जूट की रस्सी से बने बम, तीन नक्सली वर्दी, एक सोलर चार्जर, तार और मेडिकल किट बरामद हुए. इस कार्रवाई में बीएसएफ की 40वीं बटालियन और डीआरजी के जवान शामिल थे.
दूसरा ऑपरेशन 23 मई को छोटेबेठिया थाना क्षेत्र के मरकाबेडा, अदनार और एलुर गांवों के जंगलों में चलाया गया. इस तलाशी अभियान में सुरक्षा टीमों को तीन 12-बोर राइफलें, एक बीजीएल लांचर, छह बीजीएल शेल, 100 ग्राम गनपाउडर, 800 इलेक्ट्रिक डेटोनेटर और 200 नॉन-ईलेक्ट्रिक डेटोनेटर मिले हैं.
पुलिस अधिकारियों ने बताया कि बरामद की गई सभी सामग्रियों को जब्त कर लिया गया है और आगे की कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी गई है. माओवादी गतिविधियों पर पूरी तरह अंकुश लगाने और क्षेत्र में सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत करने के लिए कांकेर और नारायणपुर के सीमावर्ती इलाकों में सुरक्षा बलों का संयुक्त तलाशी अभियान लगातार जारी है.