जब सड़के ही सुरक्षित नहीं तो बड़ी योजनाओं का कोई मतलब नहीं- प्रियंका गांधी
नई दिल्ली । डेस्क: दिल्ली और बिहार में सामने आई यौन उत्पीड़न की आपराधिक घटनाओं पर कांग्रेस नेता और वायनाड से सांसद प्रियंका गांधी वाड्रा ने गहरी चिंता जताते हुए महिलाओं की सुरक्षा के लिए कड़े कदम उठाने की मांग की है. संवाददाताओं से बातचीत के दौरान उन्होंने कहा कि सार्वजनिक स्थानों पर महिलाओं के लिए असुरक्षा का माहौल बना हुआ है और उनके खिलाफ होने वाले अपराध दिनों-दिन और अधिक हिंसक रूप लेते जा रहे हैं.
प्रियंका गांधी ने केंद्र और राज्य सरकारों से सड़कों पर महिलाओं की सुरक्षा को पहली प्राथमिकता बनाने की अपील की.
सरकारी योजनाओं पर सवाल उठाते हुए उन्होंने कहा कि यदि देश में आधी आबादी ही सुरक्षित नहीं है, तो बड़ी-बड़ी योजनाओं और कार्यक्रमों का ढिंढोरा पीटने का कोई औचित्य नहीं रह जाता.
उन्होंने जोर देकर कहा कि जब तक हम अपनी बेटियों और महिलाओं को सड़कों पर सुरक्षित माहौल नहीं दे पाते, तब तक विकास के बाकी दावे अधूरे हैं.
गौरतलब है कि हाल के दिनों में राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली में नाबालिग लड़कियों के खिलाफ यौन उत्पीड़न की कई दर्दनाक घटनाएं सामने आई हैं.
वहीं, बिहार के जमुई में भी नाबालिगों के साथ बदसलूकी का मामला सामने आया है.
इन घटनाओं का उल्लेख करते हुए कांग्रेस सांसद ने कहा कि केंद्र और राज्यों को इस गंभीर विषय पर गहराई से विचार करने की आवश्यकता है. वर्तमान में केरल दौरे पर मौजूद प्रियंका गांधी ने यह भी कहा कि इस यात्रा के दौरान वह अपने क्षेत्र वायनाड के लोगों से मिलकर उनकी समस्याओं को करीब से समझेंगी ताकि उनके समाधान के लिए ठोस कदम उठाए जा सकें.