बिग B ने क्यों छोड़ी थी राजनीति? 'KBC- 17' में खुलासा
मुंबई । मनोरंजन डेस्क: 1984 में कांग्रेस पार्टी में शामिल होने के बाद अमिताभ बच्चन ने लोकसभा चुनाव में हिस्सा लिया और भारी मतों से जीत हासिल की. पूर्व प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी की मृत्यु के बाद उन्होंने राजनीति में कदम रखा था.
इलाहाबाद, उनके जन्मस्थान से चुनाव लड़कर उन्होंने विपक्ष को बड़े अंतर से हराया था. उस समय बॉलीवुड में उनकी इस जीत को काफी महत्वपूर्ण माना गया था.
हालांकि, उनकी राजनीतिक यात्रा ज्यादा लंबी नहीं रही. हाल ही में 'कौन बनेगा करोड़पति 17' में उन्होंने इस बारे में खुलकर बात की.
अमिताभ ने राजनीति को 'कठिन काम' बताया और कहा कि उन्होंने भावनाओं में बहकर राजनीति छोड़ दी थी.
उनके शब्दों में, "मैंने इलाहाबाद से चुनाव लड़ा, जहां के लोग मुझे बहुत प्यार करते थे. मैंने भारी मतों से जीत हासिल की. लेकिन कुछ समय बाद मुझे लगा कि यह बहुत कठिन काम है. हर तरफ ध्यान देना पड़ता है, लोगों की बात सुननी पड़ती है, जवाब देना पड़ता है. यह सब बहुत जटिल है."
अमिताभ ने यह भी बताया कि राजनीति में बिताए गए उस थोड़े समय ने उन्हें भारत के ग्रामीण जीवन को करीब से समझने का मौका दिया.
उन्होंने कहा, "वह दो साल मेरे लिए बहुत कीमती थे. मैंने गांव के लोगों के जीवन को करीब से देखा. जब कोई नया व्यक्ति चुनाव लड़ने आता है, तो लोग उसे बहुत सम्मान देते हैं."
उल्लेखनीय है कि 1984 में कांग्रेस में शामिल होने के बाद अमिताभ ने लोकसभा चुनाव में जीत हासिल की थी. लेकिन 1987 में वित्तीय अनियमितताओं के आरोपों में उनका नाम जुड़ा, जिसके बाद उन्होंने राजनीति छोड़ने का फैसला किया.