उत्तराखंड: 206 मदरसों में अब शुक्रवार नहीं, रविवार को रहेगा साप्ताहिक अवकाश
मुख्यधारा की शिक्षा प्रणाली से जोड़ने के उद्देश्य से उत्तराखंड के 206 मदरसों में साप्ताहिक अवकाश अब शुक्रवार के बजाय रविवार को होगा.
नई दिल्ली । डेस्क: उत्तराखंड की पुष्कर सिंह धामी सरकार ने राज्य के शिक्षा तंत्र को मुख्यधारा में लाने और नियमों को एकसमान बनाने की दिशा में एक अहम कदम उठाया है. प्रदेश के 206 मदरसों में अब शुक्रवार के स्थान पर अन्य सामान्य स्कूलों की तरह रविवार को साप्ताहिक अवकाश रहेगा. इनमें से 76 मदरसों को हाल ही में हुए विस्तृत सर्वेक्षण के बाद सरकार द्वारा मान्यता और प्रमाण पत्र प्रदान किया जा चुका है, जबकि शेष 130 मदरसों की मान्यता प्रक्रिया फिलहाल जारी है.
राज्य सरकार ने यह फैसला उत्तराखंड अल्पसंख्यक शिक्षा अधिनियम, 2025 के तहत लिया है, जिसके अंतर्गत केवल उन्हीं गैर-सहायता प्राप्त अल्पसंख्यक संस्थानों को संचालन की अनुमति दी जाएगी जो सरकारी स्कूलों के मानकों का पालन करेंगे.
इन मानकों में संस्थान की भूमि का पंजीकरण, सही शिक्षक-छात्र अनुपात, मूलभूत सुविधाएं और वित्तपोषण के पारदर्शी स्रोत की स्पष्ट जानकारी शामिल है. मानकों पर खरे न उतरने तथा फंडिंग का स्रोत बताने में विफल रहे दर्जनों गैर-कानूनी मदरसों पर सरकार पहले ही कार्रवाई कर चुकी है.
उत्तराखंड अल्पसंख्यक शिक्षा प्राधिकरण के अध्यक्ष सुरजीत सिंह और प्रारंभिक शिक्षा निदेशक कुंवर सिंह रावत ने स्पष्ट किया कि जब मदरसों को सामान्य स्कूलों का दर्जा प्राप्त हो चुका है, तो उन्हें सभी नियमों का समान रूप से पालन करना होगा. इसी मंशा से शिक्षा निदेशालय को पत्र जारी कर शुक्रवार की छुट्टी की व्यवस्था समाप्त कर रविवार का साप्ताहिक अवकाश लागू करने का निर्देश दिया गया है.