राक्षसी तारे ने निगलने की कोशिश की ब्लैक होल को
नई दिल्ली । डेस्क: पृथ्वी से 75 करोड़ प्रकाश वर्ष दूर एक सुपरनोवा का अवलोकन वैज्ञानिकों ने किया. यह 2023 में देखा गया विस्फोट सामान्य सुपरनोवा से अलग निकला.
वैज्ञानिकों का दावा है कि यह कोई सामान्य तारा विस्फोट नहीं था, बल्कि एक विशाल तारे ने पास के ब्लैक होल को निगलने की कोशिश की थी.
7 जुलाई 2023 को कैलिफोर्निया के अंतरिक्ष अवलोकन केंद्र से इस सुपरनोवा को देखा गया, जिसका नाम SN 2023ZKD रखा गया. शुरू में इसे सामान्य सुपरनोवा माना गया, जो तारे के नष्ट होने से होता है.
लेकिन छह महीने बाद विश्लेषण से पता चला कि यह तारा दूसरी बार चमका, जो सामान्य सुपरनोवा में नहीं होता.
वैज्ञानिकों का कहना है कि यह तारा ब्लैक होल के इतना करीब आ गया था कि दोनों एक ही कक्षा में फंस गए.
तारे ने भारी मात्रा में द्रव्यमान उत्सर्जित किया, जो चमकने लगा और सुपरनोवा जैसा दिखा.
वैज्ञानिकों के अनुसार, तारे ने ब्लैक होल को निगलने की कोशिश की, लेकिन ब्लैक होल की गुरुत्वाकर्षण शक्ति ने तारे को नष्ट कर दिया, जिससे यह विस्फोट हुआ.
एनएसएफ इंस्टीट्यूट के शोधकर्ता अलेक्जेंडर गैगलियानो के अनुसार, “यह ब्लैक होल के साथ एक विनाशकारी टक्कर थी, जिसने तारे को विस्फोटित कर दिया.”
वैज्ञानिकों का मानना है कि इस खोज ने सुपरनोवा की पारंपरिक समझ को चुनौती दी है. इस रहस्य को पूरी तरह समझने के लिए और शोध की जरूरत है.