कोलकाता में 7 की मौत, ममता ने CESC को ठहराया जिम्मेदार
कोलकाता । डेस्क: पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने कोलकाता में भारी बारिश और बाढ़ के बीच करेंट लगने से सात लोगों की मौत के लिए कलकत्ता इलेक्ट्रिसिटी सप्लाई कॉरपोरेशन (CESC) को जिम्मेदार ठहराया है. इसके साथ ही उन्होंने शहर के बड़े हिस्सों में बिजली की कमी की समस्या पर भी सवाल उठाए.
गौरतलब है कि Calcutta Electricity Supply Corporation (CESC) आरपी-संजीव गोयनका (RP-Sanjiv Goenka) समूह की एक प्रमुख कंपनी है, जो भारत में बिजली उत्पादन और वितरण का काम करती है. यह समूह मुख्य रूप से बिजली, बुनियादी ढांचे, खुदरा और अन्य क्षेत्रों में काम करता है.
ममता ने एक निजी बंगाली समाचार चैनल से बात करते हुए कहा, "CESC को इन मौतों की जिम्मेदारी लेनी होगी. उन्हें और लोगों को तैनात करना चाहिए. वे यहाँ व्यवसाय कर रहे हैं, लेकिन सुविधाओं का आधुनिकीकरण राजस्थान में हो रहा है. बार-बार याद दिलाने के बावजूद वे यहाँ इस पर ध्यान नहीं दे रहे. मैं उन्हें बार-बार कहते हुए थक गई हूँ."
मुख्यमंत्री ने यह भी मांग की कि CESC मृतकों के परिजनों को नौकरी दे.
उन्होंने आश्वासन दिया कि यदि CESC ऐसा नहीं कर पाता, तो बंगाल सरकार पीड़ित परिवारों के साथ खड़ी होगी.
ममता ने शिकायत की कि CESC के वरिष्ठ अधिकारियों से बार-बार प्रयास के बावजूद संपर्क नहीं हो सका.
उन्होंने निजी क्षेत्र के कर्मचारियों से अगले दो दिनों तक घर से काम करने की अपील की. ममता ने कहा, "आज किसी को बाहर निकलने की जरूरत नहीं है. मैं निजी क्षेत्र से मानवीय दृष्टिकोण से स्थिति को देखने का अनुरोध करती हूँ. कई लोगों के घरों में बाढ़ का पानी घुस गया है. कोई नहीं जानता कि कहाँ बिजली का तार है. जीवन सबसे पहले आता है."
ममता ने चेतावनी दी कि मंगलवार को बाद में हुगली नदी में उच्च ज्वार आएगा, जिससे शहर में, खासकर नदी के दोनों किनारों और टॉली नाले के आसपास के इलाकों में और पानी भर सकता है.
उन्होंने कहा कि कोलकाता नगर निगम पानी निकालने की पूरी कोशिश कर रहा है, लेकिन स्थिति विकट है.
ममता ने कहा, "वे पानी कहाँ निकालें? हर जगह पानी भर गया है."
आपातकालीन सेवा कर्मी सड़कों पर हैं ताकि शहर को चलायमान रखा जा सके, हालाँकि रातभर की बारिश और बाढ़ के बाद ज्यादा जगह बची नहीं है.