सर्वदलीय बैठक में तकरार: TMC बोली— महिलाओं का सम्मान नहीं करता चुनाव आयोग
कोलकाता । डेस्क: पश्चिम बंगाल में चुनाव आयोग की फुल बेंच के दौरे के बीच सोमवार को कोलकाता में आयोजित सर्वदलीय बैठक हंगामेदार रही. इस बैठक में शामिल हुए तृणमूल कांग्रेस के प्रतिनिधिमंडल ने चुनाव आयोग पर गंभीर आरोप लगाते हुए अपना कड़ा विरोध दर्ज कराया है.
बैठक के बाद मीडिया से बात करते हुए टीएमसी नेता चंद्रिमा भट्टाचार्य ने आरोप लगाया कि आयोग के पास महिलाओं के लिए कोई सम्मान नहीं है. उन्होंने दावा किया कि जब उन्होंने वैध मतदाताओं के नाम मतदाता सूची से न हटाने का मुद्दा उठाया, तो उन्हें चुप कराने की कोशिश की गई.
चंद्रिमा भट्टाचार्य के अनुसार, चुनाव आयुक्त ने उनसे कथित तौर पर 'चिल्लाओ मत' (Don't Shout) कहा, जिसे उन्होंने अपमानजनक बताया.
बैठक में मौजूद राज्य के मंत्री फिरहाद हकीम ने भी भाजपा पर निशाना साधते हुए कहा कि बंगाल में घुसपैठियों का एक झूठा डर पैदा किया जा रहा है. हकीम ने तर्क दिया कि पिछले दो महीनों की प्रक्रिया में घुसपैठ का कोई प्रमाण नहीं मिला है, लेकिन भारतीय नागरिकों को अपनी नागरिकता साबित करने के नाम पर प्रताड़ित किया जा रहा है.
टीएमसी नेताओं का कहना है कि आयोग भाजपा के एजेंडे पर काम कर रहा है और सामान्य नागरिकों के अधिकारों की अनदेखी कर रहा है.
चंद्रिमा भट्टाचार्य ने सवाल उठाया कि अगर आयोग को हर बात के लिए सुप्रीम कोर्ट का ही हवाला देना था, तो फिर सर्वदलीय बैठक बुलाने का क्या औचित्य था. तृणमूल कांग्रेस ने साफ कर दिया है कि बंगाल के लोगों के अधिकारों के लिए वे अपनी आवाज उठाना जारी रखेंगे.