जगदलपुर: जंगल में मधुमक्खियां बनी पिता-पुत्र की मौत का सबब
जगदलपुर । संवाददाता: छत्तीसगढ़ के बस्तर जिले के जगदलपुर के करपावंड थाना क्षेत्र के चोकनार गांव में रहने वाले एक पिता और उनके बेटे की जान मधुमक्खियों के झुंड ने ले ली. बुधवार को गोवर्धन पूजा की धूम के बीच ये दोनों मवेशियों के चारे की तलाश में घर से निकले थे, लेकिन जंगल की शांति अचानक उथल-पुथल में बदल गई.
घटना के चश्मदीदों के मुताबिक, जंगल में करीब आधा किलोमीटर की दूरी तय करने के बाद अचानक मधुमक्खियों का एक बड़ा दल उन पर टूट पड़ा. डंक मारते हुए भिनभिनाती ये मक्खियां इतनी उग्र हो गईं कि पिता-पुत्र को अपनी जान बचाने के लिए नजदीकी तालाब में ही गोता लगाना पड़ा.
पानी की गहराई के कारण वे सतह पर नहीं लौट सके. जब तक आसपास के ग्रामीणों को भनक लगी और वे दौड़े चले आए, तब तक सब कुछ खत्म हो चुका था.
पुलिस को सूचना मिलते ही फौरन मौके पर पहुंचकर शवों को तालाब से बाहर निकाला गया. मेडिकल टीम ने पोस्टमॉर्टम पूरा कर शवों को परिजनों के हवाले कर दिया. गांव के लोग इस हादसे से स्तब्ध हैं; एक ही चिता पर पिता और पुत्र को मुखाग्नि देते देख आंसू थमने का नाम ही नहीं ले रहे.
स्थानीय निवासियों का कहना है कि जंगल की ऐसी अप्रत्याशित घटनाएं अब सबके लिए चेतावनी का सबक बन गई हैं, जहां सावधानी ही जीवन रक्षा का एकमात्र सहारा है.
इस दुखद घटना ने न सिर्फ परिवार को तोड़ा है, बल्कि पूरे चोकनार गांव को शोक की चादर ओढ़ा दी है.
ग्रामीणों ने मांग की है कि जंगल क्षेत्रों में ऐसी संभावित खतरों को लेकर जागरूकता अभियान चलाया जाए, ताकि भविष्य में कोई और घर न उजड़े.