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छत्तीसगढ़ में देश की पहली निकेल-कॉपर खदान

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02 जून 2026, 03:04 AM 2 मिनट में पढ़ें 3

खदान -डेक्कन गोल्ड
खदान -डेक्कन गोल्ड

रायपुर । संवाददाता: छत्तीसगढ़ के महासमुंद जिले से भारत की ऊर्जा और संसाधन सुरक्षा को लेकर एक बेहद बड़ी और सकारात्मक खबर सामने आ रही है. जिले के भालूकोना क्षेत्र में चल रही अत्याधुनिक ड्रिलिंग के दौरान निकेल, कॉपर और प्लेटिनम ग्रुप एलिमेंट्स (PGE) का एक विशाल भंडार मिला है. भारत की एकमात्र लिस्टेड गोल्ड और क्रिटिकल मिनरल्स माइनिंग कंपनी, डेक्कन गोल्ड माइंस लिमिटेड (DGML) को उम्मीद है कि यह खोज आगे चलकर देश की पहली व्यावसायिक निकेल-कॉपर-PGE माइनिंग परियोजना का रूप ले सकती है.


डेक्कन गोल्ड माइंस लिमिटेड के प्रबंध निदेशक डॉ. हनुमा प्रसाद मोदाली के अनुसार, भालूकोना खनिज क्षेत्र में किए गए ताजा ड्रिलिंग परीक्षणों से खनिज प्रणाली के बड़े पैमाने पर फैले होने और इसके व्यावसायिक रूप से बेहद फायदेमंद होने की पुष्टि हुई है. 

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कंपनी को 1 अप्रैल, 2025 को महासमुंद जिले की बसना तहसील के भालूकोना-जामनिडीह ब्लॉक में 30 वर्ग किलोमीटर क्षेत्र के लिए कंपोजिट लाइसेंस मिला था. यह लाइसेंस केंद्र सरकार द्वारा घरेलू स्तर पर महत्वपूर्ण खनिजों (क्रिटिकल मिनरल्स) की खोज को तेज करने की रणनीति के तहत दिए गए शुरुआती लाइसेंसों में से एक है.


अब तक की ड्रिलिंग में लगभग 430 मीटर की लंबाई और 200 मीटर से अधिक की गहराई तक निकेल, कॉपर और पैलेडियम के आर्थिक रूप से फायदेमंद खनिज गलियारे की पुष्टि हो चुकी है. राहत की बात यह है कि यह खनिज क्षेत्र अभी और आगे तक फैला हुआ है, जिसके 1.3 किलोमीटर के बड़े लक्षित क्षेत्र तक विस्तारित होने की प्रबल संभावना है. 


कंपनी अब तक नौ अन्वेषण ड्रिल होल के माध्यम से लगभग 1,200 मीटर की कोर ड्रिलिंग पूरी कर चुकी है, जिसमें 'BJD-02' और 'BJD-04' जैसे ड्रिल होल से उच्च गुणवत्ता वाले खनिज संकेत मिले हैं. भूवैज्ञानिक अध्ययनों में यहाँ पेंटलैंडाइट, चाल्कोपायराइट और पायरोटाइट सल्फाइड की मौजूदगी पाई गई है, जिन्हें एक समृद्ध निकेल-कॉपर सल्फाइड सिस्टम का मजबूत संकेतक माना जाता है.


यह खोज ऐसे महत्वपूर्ण समय पर हुई है जब क्लीन-एनर्जी टेक्नोलॉजी, इलेक्ट्रिक व्हीकल्स (EV), आधुनिक विनिर्माण और राष्ट्रीय संसाधन सुरक्षा के लिए क्रिटिकल मिनरल्स वैश्विक स्तर पर केंद्र बिंदु बन चुके हैं. क्वाड (Quad) देशों और भारत-अमेरिका क्रिटिकल मिनरल्स पार्टनरशिप के बढ़ते फोकस के बीच, भारत के भीतर ही ऐसे बड़े भंडार का मिलना रणनीतिक रूप से बेहद अहम है. Symbolic Photo.

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CGKhabar — Editor: Raghvendra Chand Singh, Raipur, Chhattisgarh. Managed by Space IX Media LLP