मंगल, 20 अक्टू. 2026

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गुजरात सरकार ने वडोदरा में पूर्व क्रिकेटर यूसुफ पठान को विवादित भूखंड के आवंटन की दी मंजूरी

वडोदरा में वर्षों से चले आ रहे विवादित भूखंड मामले में पूर्व क्रिकेटर और सांसद यूसुफ पठान को बड़ी राहत मिली है. गुजरात सरकार ने उनके घर से सटे 978 वर्ग मीटर के प्लॉट के आवंटन को हरी झंडी दे दी है.

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20 अक्टू. 2026, 07:39 PM 2 मिनट में पढ़ें 19

 यूसुफ पठान
यूसुफ पठान

गांधीनगर । डेस्क: गुजरात की भाजपा सरकार ने वडोदरा में स्थित 978 वर्ग मीटर के एक विवादित भूखंड को पूर्व क्रिकेटर और लोकसभा सांसद यूसुफ पठान को आवंटित करने के प्रस्ताव को मंजूरी प्रदान कर दी है. वडोदरा नगर निगम (वीएमसी) के आयुक्त द्वारा तैयार किए गए इस प्रस्ताव को 23 अक्टूबर को वीएमसी की स्थायी समिति के समक्ष अंतिम स्वीकृति के लिए प्रस्तुत किया जाएगा. हाल ही में यूसुफ पठान ने TMC छोड़ भाजपा की सदस्यता ली है.

इस कदम से लंबे समय से कानूनी अड़चनों में फंसे यूसुफ पठान के लिए अपने पारिवारिक आवास से लगी इस सरकारी भूमि का कब्जा लेने का रास्ता साफ होता दिख रहा है.

इस नए प्रस्ताव के प्रावधानों के अनुसार, वीएमसी के स्वामित्व वाली इस 978 वर्ग मीटर जमीन में से 500 वर्ग मीटर हिस्सा यूसुफ पठान को उपहार स्वरूप दिया जाएगा. इसके अलावा, शेष 478 वर्ग मीटर भूमि वडोदरा शहरी विकास प्राधिकरण (वूडा) की मूल्यांकन समिति द्वारा निर्धारित दर पर 45 प्रतिशत की छूट यानी 55 प्रतिशत मूल्य पर दी जाएगी. 

यह पूरी प्रक्रिया राज्य के नगर विकास एवं नागरिक गृह निर्माण विभाग के 2024 के संकल्प के तहत निर्धारित नियमों और शर्तों के अधीन रहेगी.

यह विवादित प्लॉट यूसुफ पठान के वडोदरा के तांदलजा स्थित पारिवारिक घर के ठीक बगल में स्थित है, जिसे हासिल करने के लिए वे 2012 से प्रयास कर रहे थे. उस समय अंतरराष्ट्रीय क्रिकेटर रहे पठान ने सुरक्षा कारणों का हवाला देते हुए बिना किसी सार्वजनिक नीलामी के इस जमीन को 99 साल की लीज पर देने का अनुरोध वीएमसी से किया था. 

नगर निगम ने शुरुआत में सहमति जताई थी, लेकिन 2014 में गुजरात सरकार ने इस बिक्री प्रस्ताव को खारिज कर दिया था. इसके बाद जून 2024 में वीएमसी ने इस जमीन पर अतिक्रमण का आरोप लगाते हुए पठान को नोटिस जारी किया, जिसे उन्होंने गुजरात उच्च न्यायालय में चुनौती दी थी.

अदालत में लंबी कानूनी प्रक्रिया के बाद, अगस्त 2026 में यूसुफ पठान की अपील वापस ले ली गई, क्योंकि उनके कानूनी प्रतिनिधियों ने अदालत को सूचित किया कि वे राज्य सरकार की नीति के तहत अपने दावे को आगे बढ़ा रहे हैं. 

इस प्रशासनिक और कानूनी घटनाक्रम के बाद अब वडोदरा नगर निगम की स्थायी समिति की अंतिम मोहर का इंतजार है, जिसके बाद जमीन का हस्तांतरण औपचारिक रूप से संपन्न हो जाएगा.

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CGKhabar — Editor: Raghvendra Chand Singh, Raipur, Chhattisgarh. Managed by Space IX Media LLP