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टाटा-एयरबस प्लांट में बना पहला 'मेड इन इंडिया' C-295 विमान

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17 मई 2026, 09:18 PM 2 मिनट में पढ़ें 2

सी-295 विमान
सी-295 विमान

नई दिल्ली । डेस्क: भारतीय सैन्य विमानन के क्षेत्र में एक ऐतिहासिक मील का पत्थर हासिल करते हुए वडोदरा के टाटा-एयरबस कारखाने में निर्मित पहला 'मेड इन इंडिया' एयरबस C-295 विमान अब अपने पहले उड़ान परीक्षण (फ्लाइट टेस्ट) के लिए पूरी तरह तैयार है. 'मेक इन इंडिया' पहल के तहत देश की रक्षा और विमान निर्माण क्षमताओं को मजबूत करने की दिशा में इसे एक गेम-चेंजर कदम माना जा रहा है. 


हाल ही में भारतीय वायुसेना के डिप्टी चीफ ऑफ एयर स्टाफ, एयर मार्शल अवधेश कुमार भारती ने वडोदरा प्लांट का दौरा कर अंतिम असेंबली लाइन की तैयारियों की समीक्षा की. यह महत्वाकांक्षी परियोजना टाटा एडवांस्ड सिस्टम्स लिमिटेड (TASL) और एयरबस की साझेदारी में संचालित हो रही है, जिसका उद्घाटन अक्टूबर 2024 में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और स्पेन के प्रधानमंत्री पेड्रो सांचेज़ ने किया था.

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भारत ने स्पेन के साथ लगभग 21,935 करोड़ रुपये की लागत से 56 C-295 विमानों के लिए एक बड़ा समझौता किया था, जिसके तहत 16 विमान सीधे स्पेन से तैयार होकर आएंगे और शेष 40 विमानों का निर्माण भारत में ही किया जाएगा. इस परियोजना के साथ ही भारत C-295 विमानों का दुनिया का सबसे बड़ा ग्राहक बन गया है. 


भारत में बनने वाले इन 40 विमानों के 85 प्रतिशत से अधिक स्ट्रक्चरल मैन्युफैक्चरिंग और फाइनल असेंबली का काम देश में ही पूरा होगा, जिसमें 13,000 से अधिक कलपुर्जे स्वदेशी रूप से तैयार किए जाएंगे. इस विशाल एयरोस्पेस इकोसिस्टम की आपूर्ति श्रृंखला (सप्लाई चेन) में सार्वजनिक और निजी क्षेत्र की 37 भारतीय कंपनियों को शामिल किया गया है.


यह नया C-295 विमान भारतीय वायुसेना के पुराने हो चुके एवरो-748 (Avro-748) विमानों की जगह लेगा. दो प्रैट एंड व्हिटनी PW127G टर्बोप्रॉप इंजन से लैस यह मध्यम सामरिक परिवहन विमान (मिडियम टैक्सटिकल ट्रांसपोर्ट एयरक्राफ्ट) बेहद खास है, क्योंकि यह छोटे और कच्चे रनवे से भी उड़ान भरने में सक्षम है. 


यह विशेषता इसे पहाड़ी और सुदूर सीमावर्ती क्षेत्रों में सैन्य संचालन के लिए बेहद प्रभावी बनाती है. यह विमान एक बार में 70 सैनिकों, 48 पैराट्रूपर्स या 24 मेडिकल स्ट्रेचरों को ले जा सकता है. 

इसके अलावा, सुरक्षा को चाक-चौबंद करने के लिए प्रत्येक विमान को भारत इलेक्ट्रॉनिक्स लिमिटेड (BEL) और भारत डायनेमिक्स लिमिटेड (BDL) द्वारा निर्मित आधुनिक भारतीय इलेक्ट्रॉनिक वारफेयर सिस्टम से लैस किया गया है.

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CGKhabar — Editor: Raghvendra Chand Singh, Raipur, Chhattisgarh. Managed by Space IX Media LLP