इंदिरा गांधी की पुण्यतिथि पर कांग्रेस ने अर्पित की श्रद्धांजलि
नई दिल्ली । डेस्क: भारत की पहली महिला प्रधानमंत्री और साहस तथा नेतृत्व की प्रतीक रहीं इंदिरा गांधी को उनकी पुण्यतिथि पर आज पूरे देश ने भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित की. उनके राष्ट्र के प्रति अटूट समर्पण और विरासत को सम्मान देने के लिए जगह-जगह कार्यक्रम आयोजित किए गए.
कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे ने दिवंगत प्रधानमंत्री को याद करते हुए उनके शक्तिशाली शब्दों को दोहराया. उन्होंने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर लिखा, "जब तक मेरे शरीर में दम है, तब तक सेवा का सिलसिला रुकने वाला नहीं है, और जब मेरी जिंदगी खत्म हो जाएगी, तो मैं कह सकती हूं कि... मेरे खून की एक-एक बूंद, एक-एक कतरा... एक भारत को जिंदा रखेगा." खड़गे ने इन शब्दों के माध्यम से इंदिरा गांधी की भारत की एकता और प्रगति के प्रति आजीवन प्रतिबद्धता पर जोर दिया.
इंदिरा गांधी का कार्यकाल उनकी दृढ़ इच्छाशक्ति, कुशल नेतृत्व और दूरदर्शी सोच के लिए जाना जाता है, जिसने भारत की एकता और अखंडता को बनाए रखने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई. उनके नेतृत्व ने एक मजबूत और प्रगतिशील राष्ट्र को आकार देने में मदद की, जो आने वाली पीढ़ियों को प्रेरित करता रहा है.
इस पुण्यतिथि पर, खड़गे ने स्वर्गीय प्रधानमंत्री को एक आदर्श नेता मानते हुए विनम्र श्रद्धांजलि अर्पित की. उन्होंने कहा, "वह साहस की प्रतिमूर्ति बनी रहेंगी, जिनकी एकीकृत भारत के निर्माण में भूमिका अद्वितीय है."
कांग्रेस संसदीय दल की अध्यक्ष सोनिया गांधी और लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी ने भी शक्ति स्थल पर इंदिरा गांधी की 41वीं पुण्यतिथि पर आयोजित श्रद्धांजलि समारोह में पुष्पांजलि अर्पित कर उन्हें नमन किया.
इंदिरा गांधी की पुण्यतिथि राष्ट्र के कल्याण के लिए किए गए अपार बलिदानों और 'एक भारत' की भावना की एक शाश्वत याद दिलाती है. उनके नेतृत्व और समर्पण की विरासत देश सेवा का संकल्प लेने वाले सभी लोगों के लिए आज भी एक प्रकाश स्तंभ बनी हुई है.