छत्तीसगढ़ के गारे-पालमा खदान से महाराष्ट्र को कोयला सप्लाई शुरू- देवेंद्र फडणवीस
नागपुर । डेस्क: महाराष्ट्र के ऊर्जा क्षेत्र के लिए एक बड़ी उपलब्धि में, छत्तीसगढ़ स्थित गारे-पालमा कोयला खदान से उत्पादन शुरू हो गया है और कोयले की पहली खेप नागपुर के कोराडी थर्मल पावर स्टेशन पहुंच चुकी है. मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने नागपुर में एक समीक्षा बैठक के दौरान इस महत्वपूर्ण विकास की जानकारी साझा की.
मुख्यमंत्री ने इस उपलब्धि को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के उस दूरदर्शी निर्णय का परिणाम बताया, जिसके तहत बिजली उत्पादन कंपनियों को कैप्टिव कोयला खदानें आवंटित की गई थीं.
उन्होंने कहा कि पर्यावरण मंजूरी और विभिन्न नियामक बाधाओं को पार करने के बाद, महाजेनको (Mahagenco) अब इस खदान से कोयला निकालने में सफल रही है.
इस खदान से मिलने वाले कोयले की गुणवत्ता काफी उच्च है, जिसका ग्रॉस कैलोरीफिक वैल्यू (GCV) लगभग 4300 है. उच्च गुणवत्ता का मतलब है कि कम मात्रा में कोयले के उपयोग से अधिक बिजली पैदा होगी, जिससे उत्पादन लागत में कमी आएगी.
फडणवीस के अनुसार, इसका सीधा फायदा उपभोक्ताओं को बिजली बिल में राहत के रूप में मिलेगा और इससे पर्यावरण पर भी कम प्रभाव पड़ेगा.
इसके साथ ही, मुख्यमंत्री ने राज्य में कोयला गैसीकरण (Coal Gasification) परियोजनाओं की प्रगति पर भी जोर दिया.
उन्होंने बताया कि देश में नियोजित सात परियोजनाओं में से तीन महाराष्ट्र में क्रियान्वित की जा रही हैं, जो भविष्य में ऊर्जा क्षेत्र को और अधिक आत्मनिर्भर बनाएंगी. इन परियोजनाओं की सफलता के आधार पर आने वाले समय में अन्य क्षेत्रों में भी इसी तरह की पहल की जा सकती है.