छत्तीसगढ़ के स्कूल में शिक्षक ने बच्चों से करवाया धान छांटने का काम
बिलासपुर । संवाददाता: छत्तीसगढ़ के जांजगीर-चांपा जिले के एक सरकारी प्राथमिक स्कूल में एक हैरान करने वाला मामला सामने आया है, जहां एक शिक्षक ने बच्चों को पढ़ाने के बजाय धान छांटने का काम करवाया. यह घटना तब उजागर हुई जब जिला पंचायत की स्थायी शिक्षा समिति के अध्यक्ष गगन जयपुरिया ने 14 जुलाई को स्कूल का औचक निरीक्षण किया.
सोशल मीडिया पर वायरल हुए एक वीडियो में दिख रहा है कि कक्षा में बच्चे धान की बोरियों के बीच बैठकर और खड़े होकर धान छांट रहे हैं. इस दौरान सहायक शिक्षक एलबी गोपी कुमार तिवारी भी बच्चों के साथ धान छांटते नजर आए. वीडियो में जयपुरिया बच्चों से पूछते हैं, “क्या कर रहे हो बेटा?" जिसके जवाब में बच्चे कहते हैं कि वे धान की भूसी छांट रहे हैं. शिक्षक को वीडियो बनाए जाने पर हंसते हुए “प्लीज, प्लीज" कहकर रिकॉर्डिंग रोकने की गुहार लगाते सुना जा सकता है.
जयपुरिया ने इस घटना को गंभीर बताते हुए तुरंत वीडियो को वरिष्ठ शिक्षा अधिकारियों को भेजा और कार्रवाई की मांग की.
उन्होंने कहा, “बच्चे पढ़ने के लिए स्कूल आते हैं और शिक्षक उनसे ऐसा काम करवा रहे हैं. हमने स्कूल में मौजूद शिक्षकों से पंचनामा भी तैयार करवाया है." जांजगीर-चंपा के जिला शिक्षा अधिकारी एके भारद्वाज ने पुष्टि की कि शिक्षक के खिलाफ तत्काल कार्रवाई की गई है और निलंबन नोटिस भी जारी किया गया है.
सोशल मीडिया पर इस वीडियो के वायरल होने के बाद लोगों में गुस्सा देखा गया. एक यूजर ने लिखा, “यह शर्मनाक है! बच्चों का भविष्य दांव पर है, इस शिक्षक को तुरंत निलंबित करना चाहिए."
एक अन्य ने टिप्पणी की, “पूरे स्कूल स्टाफ को निलंबित करना चाहिए." कई लोगों ने इसे शिक्षा के अधिकार का उल्लंघन बताते हुए अगली पीढ़ी के विकास पर सवाल उठाए.
एक कमेंट में लिखा गया, “यह कितना दुखद है कि बच्चों को निजी कामों के लिए इस्तेमाल किया जा रहा है."
यह घटना देश के कुछ स्कूलों में शिक्षा की स्थिति पर सवाल उठाती है और बच्चों के भविष्य के साथ हो रहे खिलवाड़ को उजागर करती है.