आंध्र प्रदेश: ₹25 लाख के इनामी सुरेश सहित 9 नक्सलियों का सरेंडर
अमरावती । डेस्क: केंद्र सरकार द्वारा देश से माओवाद खत्म करने के लिए निर्धारित समय-सीमा से ठीक एक दिन पहले आंध्र प्रदेश पुलिस ने एक ऐतिहासिक उपलब्धि हासिल की है. सोमवार, 30 मार्च को सीपीआई (माओवादी) के केंद्रीय समिति सदस्य और आंध्र-ओडिशा बॉर्डर स्पेशल इकोनॉमिक ज़ोन के सचिव चेल्लूरी नारायण राव उर्फ 'सुरेश' सहित नौ नक्सलियों ने पुलिस महानिदेशक हरीश कुमार गुप्ता के समक्ष आत्मसमर्पण कर दिया.
इस महत्वपूर्ण घटनाक्रम के बाद डीजीपी ने आधिकारिक तौर पर आंध्र प्रदेश को 'नक्सल मुक्त राज्य' घोषित कर दिया है.
आत्मसमर्पण करने वाले मुख्य माओवादी सुरेश पर ₹25 लाख का इनाम था और वह 2018 में विधायक किदारी सर्वेश्वर राव की हत्या और 2001 में सीआई मुड्डाडा गांधी की हत्या जैसे गंभीर अपराधों में शामिल था.
उसके साथ सरेंडर करने वालों में ₹5 लाख का इनामी प्लाटून कमांडर कार्तम लच्छू भी शामिल है, जो 2021 के टेककुलगुडा एम्बुश का आरोपी था जिसमें 22 जवान शहीद हुए थे.
इन नक्सलियों ने भारी मात्रा में हथियार, जिसमें इंसास राइफल, बीजीएल हथियार और भारी गोला-बारूद शामिल है, पुलिस को सौंप दिए हैं. डीजीपी ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में बताया कि अब राज्य में कोई भी माओवादी सक्रिय नहीं है और सभी आत्मसमर्पण करने वालों को ₹20,000 की तत्काल राहत राशि प्रदान की गई है.