अम्बिकापुर: सरगुजिहा बोलने पर बच्चे को प्रवेश से रोका, स्कूल पर 1 लाख जुर्माना
अम्बिकापुर । संवाददाता: छत्तीसगढ़ के अम्बिकापुर में भाषा के आधार पर भेदभाव करने वाले एक निजी स्कूल 'स्वरंग किड्स एकेडमी' पर जिला प्रशासन ने बड़ी कार्रवाई की है. स्थानीय सरगुजिहा भाषा बोलने के कारण एक 4 वर्षीय मासूम को प्रवेश देने से मना करने पर कलेक्टर अजीत वसंत के निर्देशानुसार स्कूल पर 1 लाख रुपये का जुर्माना लगाया गया है.
साथ ही, बिना मान्यता के संचालित हो रहे इस स्कूल को आगामी आदेश तक बंद करने का निर्देश दिया गया है.
जांच में यह बात सामने आई कि स्कूल प्रबंधन ने बच्चे के पिता से यह कहते हुए दाखिला देने से इनकार कर दिया था कि बच्चा हिंदी नहीं समझता और केवल स्थानीय बोली बोलता है.
स्कूल का तर्क था कि वहां "बड़े घरों के बच्चे" पढ़ते हैं और शिक्षक बच्चे की बात नहीं समझ पा रहे हैं. इस कृत्य को राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 और शिक्षा का अधिकार अधिनियम (RTE) 2009 का स्पष्ट उल्लंघन माना गया है.
जिला शिक्षा अधिकारी डॉ. दिनेश कुमार झा ने आदेश जारी कर स्पष्ट किया कि किसी भी बच्चे के साथ भाषा या पृष्ठभूमि के आधार पर भेदभाव पूरी तरह अस्वीकार्य है. स्कूल में पढ़ रहे अन्य बच्चों के भविष्य को देखते हुए विकासखंड शिक्षा अधिकारी को निर्देश दिए गए हैं कि वे पालकों से संपर्क कर बच्चों का दाखिला दूसरे उपयुक्त विद्यालयों में सुनिश्चित कराएं.