पंचायतों का काम ठप्प, सचिव हड़ताल पर
छत्तीसगढ़ पंचायतों का काम ठप, सचिव हड़ताल पर
रायपुर | संवाददाताः छत्तीसगढ़ में पंचायत सचिव शासकीयकरण की मांग को लेकर अनिश्चितकालीन हड़ताल पर हैं. इससे पंचायतों का काम पूरी तरह से ठप्प पड़ गया है. ना तो कोई नया काम हो रहा है, ना ही पुराना काम आगे बढ़ रहा है. सचिवों के अचानक हड़ताल में जाने से कई पंचायतों के नवनिर्वाचित सरपंच प्रभार भी नहीं ले पाए हैं.
छत्तीसगढ़ पंचायत सचिव संघ शासकीयकरण की मांग को लेकर 17 मार्च से अनिश्चितकालीन हड़ताल पर है. हड़ताली पंचायत सचिवों को काम पर लौटने के लिए शासन ने अल्टीमेटम जारी किया था.
अल्टीमेटम में हड़ताली पंचायत सचिवों को कहा गया कि 24 घंटे में काम पर नहीं लौटे तो उनके विरूद्ध अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाएगी. लेकिन इसका पंचायत सचिवों पर कुछ असर नहीं हुआ. उल्टे पंचायत सचिवों ने अल्टीमेटम की प्रतियां जलाकर विरोध प्रदर्शन किया.
पंचायत सचिवों का कहना है कि अल्टीमेटम से डरने वाले नहीं हैं. जब तक मांगे पूरी नहीं होती काम पर लौटने वाले नहीं हैं. इस बार आश्वासन से भी काम चलेगा. अब तो आदेश हाथ में मिलने के बाद ही हड़ताल समाप्त किया जाएगा.
छत्तीसगढ़ पंचायत सचिव संघ अब 1 अप्रैल को मंत्रालय का घेराव करने जा रहा है. पंचायत सचिव संघ का कहना है कि शासन में आने से पहले प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने उनकी मांगों को पूरा करने की गारंटी दी थी.
साथ में ही अपने घोषणा पत्र में भी इसका जिक्र किया था. जिसके बाद छत्तीसगढ़ में उनकी सरकार बनी है. अब जब मांग पूरी करने का समय आया है तो वह नहीं कर रहे हैं. इसके विरोध में यह धरना प्रदर्शन किया जा रहा है.