पराली जलाने से फैली कई एकड़ खेतों में आग
छत्तीसगढ़ पराली जलाने से फैली 10 एकड़ खेत में आग
बलौदाबाजार | संवाददाताः छत्तीसगढ़ में फसल कटाई के बाद खेतों में धान की पराली जलाने का सिलसिला थम नहीं रहा है. जबकि सरकार ने इस पर पूरी तरह प्रतिबंध लगाया है. यहां तक इसके उल्लंघन करने पर 30 हजार रुपए तक जुर्माना का भी प्रावधान है. इसके बाद भी पराली जलाई जा रही है.
बलौदाबाजार जिले के पलारी ब्लॉक के ग्राम घोटिया में पराली जलाने से बड़ी दुर्घटना होते-होते बची. आग तेजी से फैलते हुए कई एकड़ खेत में फैल गई थी. समय रहते आग पर काबू नहीं पाया जाता तो आग आसपास के करीब 15 एकड़ खेतों के फसलों को बर्बाद कर सकती थी.
बताया गया कि रायपुर-बलौदाबाजार मार्ग के किनारे स्थित घोटिया के खेतों में धान की कटाई के बाद किसी ने पराली में आग लगा दी. आग काफी तेजी से फैलते हुए करीब 10 एकड़ खेत में फैल गई. देखते ही देखते आग ग्रामीण पति राम वर्मा, टूमेन्द्र वर्मा और गोविंद वर्मा के सरसों के खेतों तक पहुंच गई.
इसे देख किसानों में अफरा-तफरी मच गई. आनन-फानन में बोर पंप चालू कर किसान आग पर काबू पाने की कोशिश में जुट गए. आग की लपटें देख आसपास के किसानों के साथ ग्रामीण भी पहुंचे और आग बुझाने में सहयोग करने लगे. इसके बाद भी आग पर काबू नहीं पाया जा सका.
इसके बाद इसकी सूचना नगर सेना की दमकल टीम को दी. सूचना मिलने के कुछ देर बाद ही दमकल की टीम मौके पर पहुंची और मुस्तैदी दिखाते हुए आग पर काबू पा लिया.
टीम ने लगभग 15 एकड़ में फैली सरसों की फसल को जलने से बचा लिया. आग बुझने के बाद ही किसानों ने राहत की सांस ली.
इससे कुछ दिन पहले भी पलारी ब्लॉक के ग्राम सकरी में पराली जलाने से बड़ी दुर्घटना हुई थी. 35 एकड़ के पैरावट में आग लग गई थी. तीनों दमकल गाड़ियों ने लगातार 10 राउंड में पानी डालने के बाद दो घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया था.
इस हादसे में कई किसानों को भारी नुकसान हुआ था.