चीन पर 100% टैरिफ लगाने की धमकी के बाद नरम हुए ट्रम्प
नई दिल्ली । डेस्क: पिछले सप्ताह चीन के उत्पादों पर 100 प्रतिशत अतिरिक्त शुल्क लगाने की घोषणा करने वाले अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प अब इस मुद्दे पर नरम होते दिख रहे हैं. उन्होंने संकेत दिया कि चीनी सामानों पर यह अतिरिक्त शुल्क लंबे समय तक लागू नहीं रहेगा.
ट्रम्प ने अपनी बात का बचाव करते हुए कहा, "मैं शुल्क नहीं लगाना चाहता था. शुल्क लगाने से समस्या का स्थायी समाधान नहीं होता है. लेकिन उन्होंने (चीन ने) मुझे शुल्क लगाने के लिए मजबूर किया."
अमेरिकी राष्ट्रपति ने पिछले शुक्रवार को चीन द्वारा दुर्लभ मृदा (Rare Earth) के निर्यात पर नियंत्रण लगाने के बाद यह कदम उठाया था.
उन्होंने यह भी घोषणा की थी कि बढ़ा हुआ शुल्क 1 नवंबर से प्रभावी होगा. इस चेतावनी के बाद बीजिंग ने अमेरिका के इस कदम को 'दोहरा मापदंड' बताया था और धमकी दी थी कि यदि 100 प्रतिशत अतिरिक्त शुल्क की धमकी को लागू किया गया तो चीन भी जवाबी कार्रवाई करेगा.
इसके बाद, सोमवार को ट्रम्प ने अपना रुख थोड़ा नरम करते हुए सोशल मीडिया पर लिखा था, "चीन के बारे में चिंता न करें. सब ठीक हो जाएगा. सम्मानित राष्ट्रपति जिनपिंग का समय थोड़ा खराब चल रहा था. वह नहीं चाहते कि पूरा चीन निराश हो जाए, और न ही मैं चाहता हूँ."
उन्होंने अमेरिका की स्थिति स्पष्ट करते हुए लिखा था, "अमेरिका तो चीन की मदद करना चाहता है, उसे चोट पहुँचाना नहीं!"
शुक्रवार को, ट्रम्प ने सीधे तौर पर द्विपक्षीय बातचीत के माध्यम से समस्या का समाधान करने का संदेश दिया.
एक अमेरिकी समाचार माध्यम को दिए साक्षात्कार में उन्होंने टिप्पणी की, "अगले दो हफ्तों के भीतर मैं चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग से मिलूँगा. मुझे उम्मीद है कि आने वाले दिनों में सभी द्विपक्षीय समस्याओं का समाधान हो जाएगा."