ट्रंप का बयान: युद्ध कब रुकेगा, नेतन्याहू और मैं मिलकर लेंगे फैसला
वॉशिंगटन । डेस्क: अमेरिका और ईरान के बीच छिड़े युद्ध के दसवें दिन राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने पश्चिम एशिया के मौजूदा हालात पर अपनी चुप्पी तोड़ी है. ट्रंप ने स्पष्ट किया है कि ईरान के खिलाफ सैन्य कार्रवाई को कब समाप्त करना है, इसका निर्णय वह अकेले नहीं बल्कि इजरायली प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू के साथ मिलकर लेंगे.
‘टाइम्स ऑफ इजरायल’ को दिए एक साक्षात्कार में ट्रंप ने कहा कि इस मामले में संयुक्त रूप से विचार-विमर्श चल रहा है और सही समय आने पर सभी पहलुओं को ध्यान में रखकर ही कोई अंतिम फैसला लिया जाएगा.
ट्रंप ने अपने बयान में कड़ा रुख अपनाते हुए दावा किया कि यदि वह और नेतन्याहू सक्रिय नहीं होते, तो ईरान अब तक इजरायल को पूरी तरह तबाह कर चुका होता.
उन्होंने कहा, "ईरान इजरायल और उसके आसपास के पूरे क्षेत्र को मिटाने की साजिश रच रहा था, लेकिन हम मिलकर उस देश के मंसूबों को खत्म कर रहे हैं जो इजरायल का विनाश चाहता था."
गौरतलब है कि 28 फरवरी को अमेरिका और इजरायल के संयुक्त हमले में ईरान के सर्वोच्च नेता अयातुल्ला अली खामेनेई की मौत के बाद पूरे पश्चिम एशिया में संघर्ष भड़क उठा है.
युद्ध की अवधि को लेकर ट्रंप पहले ही संकेत दे चुके हैं कि सैन्य अभियान चार से पांच सप्ताह तक खिंच सकता है और जरूरत पड़ने पर अमेरिका लंबे समय तक युद्ध के लिए तैयार है.
इस बीच, ईरान ने अयातुल्ला खामेनेई के बेटे मोजतबा खामेनेई को नया सर्वोच्च धार्मिक नेता घोषित किया है.
इस नियुक्ति पर तंज कसते हुए ट्रंप ने 'एबीसी न्यूज' से कहा कि अगर व्हाइट हाउस ने नहीं चाहा, तो ईरान के नए नेता अपने पद पर ज्यादा दिनों तक टिक नहीं पाएंगे.