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स्वदेशी जागरण मंच ने ट्रम्प की धमकियों की निंदा की

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02 अग. 2025, 05:10 PM 3 मिनट में पढ़ें 1

अश्वनी महाजन
अश्वनी महाजन

नई दिल्ली । डेस्क: राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ से संबद्ध स्वदेशी जागरण मंच ने अमरीकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प की भारत-रूस व्यापार संबंधों पर 'अनिर्दिष्ट दंड' की धमकी और 25 प्रतिशत टैरिफ वृद्धि की घोषणा की कड़ी निंदा की है. मंच ने इसे 'जबरदस्ती रणनीति' करार देते हुये भारत की संप्रभुता और आत्मनिर्भरता पर जोर दिया.


मंच के सह-संयोजक अश्वनी महाजन ने कहा, "अगर वाशिंगटन को लगता है कि ऐसी धमकियों से भारत के फैसले प्रभावित होंगे, तो उसे समझना चाहिये कि आज का भारत एक दशक पुराना भारत नहीं है." यह बयान नरेंद्र मोदी सरकार की मजबूत नेतृत्व की अप्रत्यक्ष प्रशंसा के रूप में देखा जा रहा है.


स्वदेशी जागरण मंच ने भारत के रूस से तेल और सैन्य उपकरणों की खरीद का समर्थन करते हुए कहा, "भारत का संप्रभु अधिकार है कि वह रक्षा उत्पादन में आत्मनिर्भरता के लिये उपकरण खरीदे और घरेलू मुद्रास्फीति को नियंत्रित करने के लिए सबसे प्रतिस्पर्धी कीमतों पर कच्चा तेल हासिल करे. यह बाहरी दबावों के अधीन नहीं हो सकता."


मंच ने अमरीका से अपील की कि वह चीन की व्यापार और वैश्विक मूल्य श्रृंखलाओं के हथियारीकरण जैसी बड़ी चुनौतियों का सामना करने पर ध्यान दे, न कि भारत जैसे रणनीतिक साझेदार के खिलाफ दंडात्मक कदम उठाये. 


मंच ने कहा, "यह दुर्भाग्यपूर्ण है कि अमरीका ने ऐसे समय में भारत के खिलाफ कदम उठाया है, जब विश्व को चीन की चुनौतियों का सामूहिक रूप से जवाब देना चाहिये"


मंच ने मोदी सरकार की नीतियों की सराहना करते हुये कहा कि भारत ने अमरीकी दबाव के बावजूद जीएम कृषि उत्पादों और डेयरी आयात को रोकने का सही कदम उठाया है. मंच ने चेतावनी दी कि ऐसी रियायतें देना भारतीय किसानों और छोटे उद्योगों के हितों को नुकसान पहुंचा सकता है, जिससे राजनीतिक उथल-पुथल हो सकती है.


मंच ने सुझाव दिया कि भारत को लैटिन अमरीका, अफ्रीका, विस्तारित ब्रिक्स समूह और ग्लोबल साउथ के साथ व्यापारिक संबंधों को और मजबूत करना चाहिये. 

"अमरीका भारत का सबसे बड़ा व्यापारिक साझेदार है, लेकिन व्यापार हमेशा पारस्परिक लाभ के लिये होना चाहिये, न कि दबाव के हथियार के रूप में," मंच ने कहा.


मोदी सरकार ने ट्रम्प के भारत की अर्थव्यवस्था को 'मृत' बताने और भारत-पाकिस्तान 'सीजफायर' में मध्यस्थता के दावों पर सीधे टिप्पणी करने से परहेज किया है. हालांकि, वाणिज्य मंत्री पीयूष गोयल ने संसद में ट्रम्प के दावों का अप्रत्यक्ष खंडन करते हुये कहा कि भारत वैश्विक अर्थव्यवस्था में 'उज्ज्वल स्थान' पर है.


मंच ने ऑपरेशन सिंदूर के दौरान भारत की निर्णायक कार्रवाई का हवाला देते हुये कहा, "हम एक उभरती हुई वैश्विक शक्ति हैं, जो स्वदेशी हथियार उत्पादन में मजबूत क्षमता निर्माण के लिए प्रतिबद्ध है." मंच ने अमरीका से एकध्रुवीय दृष्टिकोण को छोड़कर बहुध्रुवीय और सहयोगी विश्व व्यवस्था को अपनाने की अपील की है.

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CGKhabar — Editor: Raghvendra Chand Singh, Raipur, Chhattisgarh. Managed by Space IX Media LLP